पीलीभीत। दिल्ली से आई दो सदस्यीय टीम ने टांडा बिजैसी में पहुंचकर जमीन की पैमाइश कराई। डीएम के निर्देश पर कृषि विभाग के अफसर सहित अन्य लोग मौजूद रहे। जल्द ही न्यूरिया के टांडा बिजैसी में बासमती सीड प्रोसेसिंग फैसेलिटी सेंटर का निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा।
जिले के करीब तीन लाख किसान धान की खेती करते हैं। 1.40 लाख हेक्टेयर कृषि भूमि पर धान की पैदावार की जाती है। इसमें पांच से छह हजार हेक्टेयर रकबे पर ही बासमती की खेती की जाती है। पिछले काफी लंबे समय से जिले में बासमती की पैदावार में गिरावट दर्ज की गई। ऐसे में जिले में बासमती की खेती को बढ़ावा दिए जाने को लेकर लंबे समय से प्रयास किए जा रहे थे। इसको लेकर कैबिनेट में मंजूरी मिलने के बाद न्यूरिया के टांडा बिजैसी में इसके लिए जगह निर्धारित की गई। मंगलवार को दिल्ली से पहुंचे एपीडा के सचिव डॉ. सुधांशु और ज्वाइंट डायरेक्टर डॉ. रितेश शर्मा ने डीएम ज्ञानेंद्र सिंह से मुलाकात की।
इसके बाद डीएम के निर्देश पर कृषि अधिकारी विनीत कुमार, जेई रुपचंद्र गंगवार और हल्का लेखपाल वीनस प्रभा राजपूत टांडा बिजैसी पहुंचे। जहां प्रक्षेत्र अधीक्षक प्रेमेंद्र गंगवार के साथ दिल्ली से पहुंची टीम के सामने जमीन की पैमाइश की गई। इसके बाद टीम वहां से लौट गई। कृषि अधिकारी विनीत कुमार ने बताया कि टीम के साथ जमीन की पैमाइश कराई गई है। जल्द ही इसका निर्माण कार्य शुरू करा दिया जाएगा। संवाद