पीलीभीत। जिले की सड़कों पर 22 हजार कंडम वाहन दौड़ रहे हैं। यह वाहन अपनी निर्धारित समयावधि पूरी कर चुके हैं। इन वाहनों में सबसे अधिक संख्या बाइकों की है। परिवहन विभाग का दावा है कि प्रति माह इस तरह के 15-20 वाहनों को सीज किया जाता है।
जिले में लगभग ढाई लाख से अधिक छोटे-बड़े वाहनों का संचालन हो रहा है। इन वाहनों में 22 हजार वाहन ऐसे हैं जिनकी समय सीमा पूरी हो चुकी है। इसके बाद भी इनका सड़कों पर संचालन हो रहा है।
विभागीय अफसरों की ओर से इन वाहन स्वामियों को समय सीमा बढ़ाए जाने को नोटिस देकर जानकारी भी दी गई। बावजूद वाहन स्वामी वाहनों की समयावधि बढ़ाने के लिए दिलचस्पी नहीं ले रहे हैं। नोटिस की कार्रवाई में जवाब न मिलने पर परिवहन विभाग की ओर से जिले के तीन हजार वाहन स्वामियों का पंजीयन भी निलंबित किया गया है। इसके अलावा हर माह करीब 15-20 वाहनों पर कार्रवाई करते हुए उन्हें सीज किया जा रहा है।एआरटीओ वीरेंद्र सिंह ने बताया कि समय सीमा पूरी कर चुके वाहनों को चिह्नित कर उन्हें समयावधि बढ़वाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही नोटिस का जवाब न देने वाले कुछ वाहनों के पंजीयन निरस्त किए गए हैं।
प्रदूषण करने वाले वाहनों को भी किया जा रहा चिह्नित
-जिले में करीब 16 दुकानों पर प्रदूषण जांच की अनुमति है। इन दुकानों से लोग समय-समय पर अपना प्रदूषण प्रमाण पत्र बनवा रहे है। इसके बाद भी जिले में ढाई सौ से अधिक वाहन बिना प्रदूषण प्रमाण पत्र अपना वाहन चला रहे हैं। इनपर चेकिंग के दौरान कार्रवाई भी की जाती है।