गुरु के घर जाता हूं आशीर्वाद लेने
मुजफ्फरनगर। एसडी इंटर कॉलेज के कला प्रवक्ता राजबल सैनी कहते हैं कि मैं जो कुछ भी हूं अपने गुरु की वजह से हूं। उन्होंने एक सामान्य फोटोग्राफर को ऐसी रोशनी दिखाई कि कला प्रवक्ता बन गया। मैने जीवन में यह संकल्प लिया है कि मैं भी गुरु की तरह नि:शुल्क पढ़ाऊंगा। मैं कभी मंदिर नहीं जाता, अपने गुरु के दर्शन कर उनका आशीर्वाद लेने उनके घर जाता हूं।
एसडी इंटर कॉलेज में कला अध्यापक डॉ. राजबल सैनी कहते हैं कि कला के क्षेत्र में उसे आगे बढ़ाने का श्रेय उसके गुरू डीएवी कॉलेज के पूर्व विभागाध्यक्ष डॉ. महावीर सिंह को है। जब वह बीए में डीएवी कॉलेज में पढ़ने के लिए पहुंचे तो उन्होंने ही उन्हें प्रोत्साहित किया। उन्हीं की प्रेरणा से यह मुकाम मिला। चरथावल के गांव अलावलपुर निवासी राजबल सैनी 2005 से एसडी इंटर कॉलेज में प्रवक्ता के पद पर कार्यरत हैं। कक्षा-10 की पढ़ाई के बाद फोटोग्राफी शुरू की। घर की हालत अच्छी नहीं होने के कारण रात में शादियों में फोटोग्राफी करते थे और दिन में स्कूल में पढ़ाई करने जाते थे। शिक्षक बनने के बाद अब यह उनका शौक रह गया है। इसी बीच वह ड्राइंग में नेट, पीएचडी और एमए करने वाले छात्र-छात्राओं को नि:शुल्क शिक्षा भी देते हैं।
लॉकडाउन में बनाई 600 पेंटिंग
मुजफ्फरनगर। लॉकडाउन में शिक्षक राजबल सैनी कला साधना में डूबे हुए हैं। उन्होंने प्रकृति संतुलन को केंद्र में रख पेंटिंग बनाई है। वो अब तक 600 पेंटिंग बना चुके हैं। उनका लक्ष्य 1100 पेंटिंग का संग्रह करना है। इस बीच वह छात्र-छात्राओं को नि:शुल्क शिक्षा भी दे रहे हैं।