मुजफ्फरनगर। सुजड़ू क्षेत्र में जल निकासी के लिए निर्माणाधीन नाले में अनियमितताओं का मामला सामने आया है। शिकायत के बाद पीडब्लूडी की ओर से थर्ड पार्टी जांच में खुलासा हुआ। नाले की 30 मीटर लंबी दीवार बिना सरिया डाले ही बना दी गई।
पालिका चेयरपर्सन मीनाक्षी स्वरूप और ईओ पालिका डॉ. प्रज्ञा सिंह ने मौके का निरीक्षण किया। जांच में अनियमितता पाए जाने पर बिना सरिया के तैयार की गई दीवार को जेसीबी से ध्वस्त करा दिया गया। ठेकेदार फर्म के भुगतान पर रोक लगा दी गई है। पालिका के एई नेपाल सिंह और जेई राजीव सोनकर को नोटिस जारी कर स्पष्टीकरण मांगा गया। दोनों को प्रतिकूल प्रविष्टि दी गई है। सुजड़ू वार्ड तीन में खालापार-सुजड़ू संपर्क मार्ग पर दूध डेरी से फास्ट फूड की दुकान तक 15वें वित्त आयोग से प्राप्त निधि से लगभग 34 लाख रुपये की लागत से 30 मीटर लंबे नाले का निर्माण कराया जा रहा है। पिछले कुछ समय से इस निर्माण कार्य में अनियमितताओं की शिकायतें मिल रही थीं। शिकायतों के आधार पर पालिका के निर्माण कार्य की थर्ड पार्टी जांच की जिम्मेदारी निभा रहे पीडब्लूडी एई कामेश्वर गुप्ता ने मौके पर पहुंचकर जांच की।
जांच में पाया गया कि सड़क से सटी हुई आरसीसी की दीवार में निर्माण के दौरान किसी भी प्रकार के सरिये का प्रयोग नहीं किया गया था। बृहस्पतिवार रात को पालिका चेयरपर्सन और ईओ ने स्वयं मौके का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान मामला सही पाए जाने पर इंजीनियरों की टीम को बुलाया गया, जिसने तकनीकी परीक्षण किया। परीक्षण में आरसीसी संरचना में मानकों के अनुरूप सरिये का न होना और सामग्री की गुणवत्ता का असंतोषजनक होना पाया गया।