तितावी मिल के बाहर धरना प्रदर्शन करते ग्रामीण
- स्थायी नौकरी और मुआवजे के आश्वासन पर माने परिजन
- युवक के परिवार को 15 लाख रुपये का मुआवजा देगा चीनी मिल
संवाद न्यूज एजेंसी
तितावी। तितावी चीनी में फाइवरेजर की बेल्ट में फंसने से 20 वर्षीय मजदूर की मौत हो गई। ग्रामीणों ने मिल के बाहर दो घंटे धरना दिया और पोस्टमार्टम के बाद घर पहुंचे शव को भी धरना स्थल पर ले गए। बाद में मिल के जीएम ने मजदूर के पिता को स्थायी नौकरी व मुआवजे के तौर पर 15 लाख रुपये देने का आश्वासन दिया, इसके बाद धरना समाप्त किया गया।
धोलरा निवासी वीरेंद्र व उनका बेटा बीस वर्षीय संजय तितावी चीनी मिल में ठेकेदार राम किशोर के पास नौकरी कर रहे थे। शुक्रवार दोपहर के समय संजय फाइवरेजर के पास सफाई करते समय उसकी बेल्ट की चपेट में आ गया और उसकी मौत हो गई। इसके बाद वीरेंद्र व अन्य मजदूर मौके पर पहुंचे और उन्होंने बेल्ट को बंद करा शव बाहर निकाला। सूचना देने पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया।
उधर, शाम लगभग पांच बजे ग्रामीण भी मिल पर पहुुंच गए और उन्होंने वहां मुआवजे की मांग करते हुए हंगामा शुरू कर दिया। सीओ फुगाना यतेंद्र कुमार भी पहुंच गए। शाम के समय पोस्टमार्टम के बाद घर ले जाए गए शव को भी धरना दे रहे ग्रामीण एंबुलेंस में ही धरना स्थल पर ले गए। शाम लगभग साढ़े सात बजे जीएम लोकेश कुमार ने पहुंच कर वीरेंद्र को स्थायी नौकरी व मुआवजे में 15 लाख रुपये देने का आश्वासन दिया। इसके बाद धरना समाप्त कर दिया। बताया गया कि युवक के पांच बहन व एक भाई हैं। इनमें से एक बहन की 24 फरवरी को बरात आनी है।