मौसम ने बुधवार को खूब रंग बदले। पहले धूप खिली और इसके बाद बारिश हुई। आम जनजीवन अस्त-व्यस्त रहा। देहात क्षेत्र में 10 मकान गिरे। रोनी हरजीपुर गांव में मलबे में दब जाने से एक परिवार के चार सदस्य घायल हो गए। लगातार बारिश से सोलानी, हिंडन और काली नदी का जलस्तर बढ़ गया और सैकड़ों बीघा फसल पानी में डूब गई।
रोनी हरजीपुर में ग्रामीण अनुज का मकान गिरने से परिवार मलबे में दब गया। पत्नी मनसा गंभीर हालत में मेरठ रेफर की गई। दोनों बेटे भी अस्पताल में भर्ती हैं। हादसे में दो पशुओं की मौत हो गई। कीमती सामान खराब हो गया।
हादसा मंगलवार रात हुआ। परिवार मकान में सोया हुआ था। इसी दौरान बारिश के कारण मकान अचानक गिर पड़ा, जिससे पूरा परिवार मलबे में दब गया। चीख-पुकार सुनकर ग्रामीण मौके पर पहुंचे और बड़ी मशक्कत के बाद सभी को बाहर निकाला। हादसे में अनुज की पत्नी मनसा गंभीर रूप से घायल हुई हैं। उन्हें मेरठ के आनंद अस्पताल रेफर किया गया है। वहीं, अनुज के दोनों पुत्र आर्यन और हर्षित को भी हालत नाजुक देखते हुए मेरठ रेफर किया गया। हादसे में परिवार के दो पालतू पशुओं की भी मौत हो गई।
भाकियू नेता विकास शर्मा ने अधिकारियों को फोन पर पूरी घटना से अवगत कराया। नायब तहसीलदार सुनील कुमार, लेखपाल शिव कुमार ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया। महिला को निजी हॉस्पिटल से मेडिकल कॉलेज रेफर किया गया। दोनों बच्चों का उपचार चल रहा है। उनकी हालत खतरे से बाहर है। उधर, ग्रामीण सुनील कुमार का कच्चा मकान गिरने से काफी घरेलू सामान मलबे में खराब हो गया। उन्होंने मकान के सामने दूसरे ग्रामीण के आवास में सामान रखकर अस्थायी ठिकाना बनाया।
शहर के निचले हिस्सों में भरा पानी
मंगलवार रात जिलेभर में बारिश हुई। बुधवार सुबह बादल छाए रहे और फिर धूप खिल गई। लेकिन दोपहर करीब दो बजे फिर बारिश शुरू हो गई। देर रात तक बारिश जारी रही। आम जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है। शहर के निचले हिस्सों में जलभराव हो गया। जिले में 33.4 मिमी बरसात रिकॉर्ड की गई। आधे दिन धूप खिलने से अधिकतम तापमान 30.8 डिग्री तक पहुंच गया जबकि रात का न्यूनतम तापमान 23.8 डिग्री रिकॉर्ड किया गया।
चार दिन में इस तरह बरसे बादल
तिथि बरसात
03 सितंबर 33.4 मिमी
02 सितंबर 9.2 मिमी
01 सितंबर 94.4 मिमी
31 अगस्त 3.6 मिमी