मौके पर जांच करती पुलिस और युवक का फाइल फोटो
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मुजफ्फरनगर के मोहल्ला पड़ाव चौक निवासी मोनू शर्मा की हत्या का राज उसके मोबाइल पर आई कॉल में छिपा हो सकता है। युवक की हत्या के पीछे लेनदेन का विवाद या फिर प्रेम प्रसंग हो सकता है। पुलिस कई बिंदुओं पर जांच कर रही है।
कस्बे के मोहल्ला कबूलपुुरा पड़ाव चौक निवासी प्यारेलाल शर्मा के चार बेटियों के अलावा चार बेटे सोनू, मोनू, बाबू और वरुण शर्मा है। मोनू कसबे में ही जूते की दुकान पर नौकरी करता था।
साथ ही वह रस्म पगड़ी, शोक सभाओं का सामान भी लेता था। मोनू पिछले दो दिन से दुकान पर नहीं जा रहा था। परिजनों का कहना है कि शुक्रवार रात करीब 8.30 बजे उसके मोबाइल पर किसी की कॉल आई, जिसके बाद वह पैदल ही घर से निकल गया था।
पुलिस पूछताछ में सामने आया है कि घर से निकलने के बाद कुछ दूर पैदल चलकर वह एक ई-रिक्शा में बैठा। जिसके बाद वह लापता हो गया था। ई-रिक्शा में एक अन्य व्यक्ति भी बैठा था, जिसे पुलिस ने पूछताछ के लिए हिरासत में ले लिया है। वहीं, मोनू के दो दोस्त भी शक के दायरे में हैं।
उनसे भी पूछताछ की जा रही है। प्रथम दृष्टया जांच में लेनदेन का विवाद या फिर प्रेम प्रसंग हत्या की वजह हो सकता है, जिसे लेकर पुलिस कई बिंदुओं पर हत्या की जांच कर रही है। उसके मोबाइल फोन की कॉल डिटेल हत्याकांड के खुलासे में सहायक होगी।
डॉग स्क्वॉड से नहीं मिली मदद
एसपी देहात नेपाल सिंह और सीओ शकील अहमद ने घटनास्थल का मुआयना किया। उनके आदेश पर जिला मुख्यालय से डॉग स्क्वॉड व फोरेंसिक टीम भी घटनास्थल पहुंची, मगर कोई सफलता नहीं मिल सकी।
किराए के कमरे से मिले शराब के पव्वे
पुलिस जांच में पता चला कि मोनू ने करीब दो माह पूर्व योगमाया मंदिर के पास ही एक कमरा किराए पर लिया था। वहां से कुछ दूरी पर ही उसकी लाश मिली है। पुलिस जब उक्त किराए के कमरे पर पहुंची तो वहां ताला लगा था। ताला तुड़वाकर पुलिस अंदर पहुंची तो वहां शराब के खाली पव्वे व गिलास पड़े मिले।
इससे साफ है कि शुक्रवार रात को घर से निकलने के बाद उसने कुछ लोगों के साथ कमरे पर पहुंचा था। माना जा रहा है कि शराब पीने के बाद ही उसकी हत्या कर दी गई। वहीं, परिजनों ने मोनू शर्मा द्वारा किराए पर कमरा लिए जाने के संबंध में अनभिज्ञता जताई है।