ठंड एवं शीत लहर में ऊनी कपडों में गंतव्य को जाते बच्चें एवं महिलाएं।
- फोटो : MUZAFFARNAGAR
रात का पारा जमाव बिंदु पर पहुंचा, सर्द हवाओं ने कंपकंपाया
मुजफ्फरनगर। रात की सर्द हवाओं में यहां पारा जमाव बिंदु के नजदीक पहुंच गया। न्यूनतम तापमान 0.9 डिग्री सेल्सियस रिकार्ड किया गया। इस मौसम का अब तक का यह सबसे कम तापमान है। जमाव बिंदु के निकट पारा जाने से टंकियों में पानी जमने की स्थिति बनी है। पानी को छूने से ही बर्फ का अहसास हो रहा है। बुुधवार दिन में धूप निकलने से लोगों को राहत जरूर मिली है। दिन का पारा भी 19.2 डिग्री तक पहुंचा, लेकिन शाम ढलते ही ठंड ने फिर से अपना असर दिखा दिया।
साल के पहले दिन न्यूनतम तापमान ने रिकार्ड तोड़ दिया। इस मौसम का अब तक का सबसे कम तापमान 0.9 डिग्री सेल्सियस रहा। शाम ढलते ही शीतलहर का आलम यह है कि लोग घरों में कैद हो गए। दुकानदार भी सर्द हवाओं से बचने के लिए जल्द दुकानों के शटर गिरा देते हैं, जिससे बाजारों में सन्नाटा पसर जाता है। रात में केवल मूंगफली भूनने वालों की भट्ठियां ही दहक रही है। बाजारों में जरकीन और अन्य गर्म कपड़ों की दुकानों पर ही ग्राहक दिखाई दे रहे हैं। बुधवार अलसुबह घना कोहरा छा गया। तीन-चार घंटे कोहरा छाए रहने से आम लोगों को खासकर, उनको जिन्हें सुबह के समय अपने काम करने होते हैं, काफी परेशानियों का सामना करना पड़ा। आठ बजे सूरज निकला तो कोहरा छट गया। बर्फीली हवा के कारण धूप भी लोगों के लिए बेअसर साबित हुई। अधिकतम तापमान यहां 19.2 पर रहा। दो दिन से दिन के कुछ घंटे लोगों के लिए राहत भरे हैं, लेकिन सुबह-शाम और रात की ठंड अपना अहसास अच्छी तरीके से करा रही है। उधर, सर्दी के मौसम में लोगों ने अपनी छतों पर धूप का आनंद लिया।
स्वास्थ्य का ध्यान रखना जरूरी
मुजफ्फरनगर। रात में पारा जमाव बिंदु पर पहुंच रहा है और दिन में करीब 19 डिग्री के पास पहुंच गया। ऐसे में स्वास्थ्य का ज्यादा ध्यान रखना जरूरी है। वरिष्ठ फिजिशियन डॉ रविंद्र सिंह का कहना है कि ऐसी सर्दी में बच्चों और बुजुर्गों को अपनी सेहत का ख्याल रखना चाहिए। हृदयरोगी सुबह और शाम घूमने से बचें।
ठंड एवं शीत लहर में ऊनी कपडों में जाती स्कूटी सवार महिलाएं।- फोटो : MUZAFFARNAGAR