खतौली में भाकियू कार्यकर्ताओं ने अघोषित बिजली कटौती के विरोध में 132 केवी बिजली घर की आपूर्ति बंद करने के बाद एनएच-58 पर जाम लगा दिया। गुस्साए कार्यकर्ता हाईवे पर ही धरना देकर बैठ गए। मौके पर पहुंचे एसडीओ को भी बंधक बनाकर बैठा लिया। करीब एक घंटे तक अधिकारियों के बातचीत के बाद एसडीओ के आश्वासन देने पर कार्यकर्ताओं ने जाम को खोल दिया।
सोमवार को भाकियू जिलाध्यक्ष राजू अहलावत के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने गांवों में अघोषित बिजली कटौती के विरोध में बुढ़ाना रोड स्थित 132 केवी बिजलीघर पर धरना, प्रदर्शन किया। कार्यकर्ताओं ने बिजलीघर की विद्युत आपूर्ति बंद कर दी। घंटों धरने पर बैठने के बाद विद्युत विभाग का कोई अधिकारी नहीं पहुंचा। जिसको लेकर कार्यकर्ताओं में आक्रोश फैल गया।
आक्रोशित कार्यकर्ता ट्रैक्टर-ट्रॉली में बैठकर नेशनल हाईवे पर पहुंचे। कार्यकर्ताओं ने बुढ़ाना अंडरपास हाईवे पर जाम लगा दिया और सड़क पर ही धरना देकर बैठ गए। जाम की सूचना से पुलिस में हड़कंप मच गया। मौके पर पहुंची पुलिस ने जाम खुलवाने का प्रयास भी किया, लेकिन कार्यकर्ता नहीं माने। सूचना पर एसडीओ एके सिन्हा मौके पर पहुंचे। कार्यकर्ताओं ने धरने पर एसडीओ को बंधक बना लिया।
कार्यकर्ताओं का कहना था कि भैंसी फीडर के गांव रायपुर नंगली, सठेड़ी, मथेड़ी, फुलत, खेड़ी, अंबरपुर, भैंसी, बड़सू, कैलाशनगर गांवों में कांवड़ यात्रा के बाद से मात्र एक या दो घंटे ही बिजली आपूर्ति की जाती है। इस संबंध में कई बार विद्युत अधिकारियों को भी बताया गया, लेकिन अधिकारियों के कानों तक में जूं तक नहीं रेंगी। इसलिए मजबूर होकर यह कदम उठाना पड़ा। एसडीएम एके सिन्हा ने फोन पर विद्युत अधिकारियों से बातचीत करने के बाद समय पर बिजली आपूर्ति कराने का आश्वासन दिया।
आश्वासन के बाद कार्यकर्ताओं ने जाम को खोला। जाम लगाने वालों में जिलाध्यक्ष राजू अहलावत, ब्लाक अध्यक्ष कपिल सोम, प्रविंद्र ढाका, ललित त्यागी, आशु तालान, कासिफ, डा. मजूर, डा. तरुण, नगेंद्र, कपिल, डल्लू, श्रीनिवास त्यागी, पप्पू त्यागी, कुलदीप, खुर्शीद अंसारी, सलीम अंसारी, अफसर आदि कार्यकर्ता शामिल रहे।