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दुष्कर्म की क्लिप सुलगा रही आक्रोश

Sat, 16 Jan 2016 11:59 PM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, मुजफ्फरनगर
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मुजफ्फरनगर। कवाल कांड की कथित क्लिप ने जिले को नफरत की आग में झोंक दिया था। दो साल पहले दंगे का दंश झेल चुके जिले में फिर हालात तनावपूर्ण बनते जा रहे हैं। छपार और खतौली के गैंगरेप की वीडियो क्लिप वायरल किए जाने के मामले के तूल पकड़ने के आसार दिख रहे हैं। आरोपियों के दूसरे समुदाय से होने की वजह से भी आक्रोश बढ़ रहा है। गोपनीय तरीके से महापंचायत की सुगबुगाहट है। आशाएं कलक्ट्रेट और सीएमओ आफिस में गैंगरेप के खिलाफ आवाज बुलंद कर रही हैं। 
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जानसठ के कवाल गांव में 26 अगस्त 2013 को मलिकपुरा के ममेरे भाइयों सचिन और गौरव, शाहनाज के हत्याकांड पर वायरल हुई कथित वीडियो ने जिले को नफरत की आग में झोंक दिया था। क्लिप जैसे-जैसे शेयर होती गई, तनाव बढ़ता गया और सात सितंबर को दोनों समुदाय के लोग आमने-सामने आ गए। दंगे में 65 से ज्यादा लोगों की जान गईं। क्लिप का असर शामली, बागपत और मेरठ तक फैल गया। दंगे का दंश झेल चुके जिले में फिर से हालात तनावपूर्ण हैं। वजह यह है कि छपार थाना क्षेत्र के छपरा गांव की स्वास्थ्य विभाग की आशा से गैंगरेप कर उसकी क्लिप वायरल कर दी गई। शारीरिक और मानसिक उत्पीड़न का शिकार बनी आशा बदनामी नहीं झेल पाई और जहर खाकर जान दे दी। आशा के तीन बच्चे हैं।

वारदात के बाद जिलेभर की आशाओं ने एनएच 58 जाम कर प्रदेश सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर दी थी। बाद में कलक्ट्रेट में धरनारत किसानों ने भी आशा गैंगरेप कांड पर नाराजगी जताई। माहौल को बिगड़ता देख प्रशासन ने आनन-फानन में मृतक आशा के परिवार को पांच लाख रुपये की सहायता राशि का चेक दिया। गांव में तनाव को देखते हुए पुलिस तैनात है, क्योंकि आरोपी दूसरे समुदाय के हैं। छपरा का मामला शांत भी नहीं हुआ था कि खतौली के एक गांव में युवती से रेप कर क्लिपिंग बना ली गई। क्लिप के जरिए युवती को ब्लैकमेल किया जा रहा था। इस घटना में भी जिम्मेदार दूसरे समुदाय के युवक हैं।
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ग्रामीणों का आक्रोश भड़का तो पुलिस को दो के खिलाफ मुकदमा दर्ज करना पड़ा। पूर्व ब्लाक प्रमुख वीरेंद्र सिंह कुतुबपुर ने छपार और खतौली प्रकरण में अगुवाई करते हुए पुलिस प्रशासन पर आरोपियों को बचाने का आरोप लगाया। मंसूरपुर थाने पर शुक्रवार को ग्रामीण जमा होने शुरू हो गए थे, लेकिन एसएसपी ने पहुंचकर कठोर कार्रवाई का आश्वासन दिया। गुपचुप तरीके से पंचायत की तैयारी चल रही है।

बहन से छेड़छाड़ का विरोध करने पर संधावली के सोनू को गोली मारने में भी आरोपी सुजडू के हैं, जिनमें से आसिफ को मंसूरपुर पुलिस गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। शुक्रवार रात बकरा मार्केट में एक समुदाय के युवकों ने बाइक सवार युवक और महिला से मारपीट कर दी थी। मामले को लेकर भाजपाई और हिंदू संगठन के लोग जमा हो गए थे। जिले में ऐसी वारदातें बढ़ रही हैं, जिसमें आरोपी दूसरे समुदाय के हैं।

खतौली की पीड़िता ने दर्ज कराए बयान
मुजफ्फरनगर। रेप के बाद वायरल की गई क्लिपिंग के मामले में मुकदमा दर्ज होने के बाद खतौली पुलिस ने शनिवार को पीड़िता के कोर्ट में बयान दर्ज कराए। पूर्व ब्लाक प्रमुख वीरेंद्र सिंह के साथ कोर्ट पहुंचे परिजनों और अन्य ग्रामीणों की मौजूदगी में पीड़िता न्यायालय पहुंची। महिला पुलिस ने पीड़िता को कोर्ट में पेश किया, जहां उसने 164 के बयान दर्ज कराए। पीड़िता ने आरोपियों पर जबरन दुष्कर्म करने और क्लिप बनाकर ब्लैकमेल करने का बयान दिया।

भाजपाइयों ने एसपी से जताई नाराजगी
संप्रदाय विशेष के आरोपियों पर कठोर कार्रवाई नहीं होने के मामले में शनिवार को भाजपाइयों ने एसपी सिटी प्रदीप गुप्ता से मिलकर नाराजगी जताई। पूर्व विधायक अशोक कंसल, नगराध्यक्ष श्रीमोहन तायल, विहिप जिलाध्यक्ष सचिन सिंघल ने कहा कि छपार और खतौली की घटनाएं पुलिस की ढिलाई से हुई हैं। आरोपियों के खिलाफ कठोर कार्रवाई होगी, तभी हिंदुओं की बहू-बेटियों का उत्पीड़न रुकेगा।
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