मुजफ्फरनगर। जेल में कई बार बवाल करने की सजा आखिर बवाली बंदियों को मिल ही गई। जेल के भीतर किसी न किसी बात पर झगड़ा करते रहने के चलते प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया और नौ बंदियों को दूसरी जेलों का रास्ता दिखाया। शनिवार सुबह कड़ी सुरक्षा में आरोपी बंदियों को डीएम द्वारा तय की गई जेलों के लिए रवाना कर दिया गया। बवाल के सहयोगी और आधा दर्जन बंदियों के खिलाफ कार्रवाई भी होगी।
गणतंत्र दिवस के अवसर पर फोन पकड़े जाने से नाराज बंदी ने साथियों के साथ मिलकर बंदी रक्षकों से मारपीट कर दी थी। मामले को लेकर जेलर ने नई मंडी कोतवाली में आरोपी बंदियों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई थी। जेल अफसरों के अनुसार आरोपी बंदी कई बार जेल में हंगामा कर चुके थे। हर बार उन्हें ताकीद देकर छोड़ा जा रहा था। बृहस्पतिवार सुबह बंदियों के हंगामे के चलते जेल अफसरों ने इस बार कड़ा रुख अख्तियार किया और डीएम को मामले की रिपोर्ट देकर त्वरित कार्रवाई के चलते बंदियों को दूसरी जेलों मे शिफ्ट करने की गुहार लगाई।
डीएम ने मामले में संज्ञान लेते हुए आरोपी नौ बंदियों विवेक निवासी कैडी बाबरी, शामली और जितेंद्र निवासी गोयला, शाहपुर को बागपत, कपिल निवासी केरटू झिंझाना, शामली को मेरठ, सचिन निवासी कासमपुर, बाबरी, शामली, अक्षय निवासी किवाना कांधला, शामली और सन्नी पुत्र राधेश्याम निवासी थानाभवन, शामली को बिजनौर, टीपू सुल्तान पुत्र सरदार निवासी
संधावली, मंसूरपुर, गौरव पुत्र राजू गोयला, शाहपुर, आशू पुत्र लीलेराम निवासी गनोली, लोनी, गालियाबाद को सहारनपुर की जेलों में शिफ्ट कर दिया गया है।
सभी बंदियों को शनिवार सुबह करीब आठ बजे तीन गाड़ियों से कड़ी पुलिस सुरक्षा में तय जेलों के लिए रवाना कर दिया गया है। जेल अधीक्षक राकेश सिंह ने बताया कि हंगामे में सहयोग करने वाले आधा दर्जन बंदियों को भी दूसरी जेलों में शिफ्ट करने की तैयारी चल रही है।