मुजफ्फरनगर। शराब पीकर चुनावी ड्यूटी पर गए चालकों को बस दौड़ाना भारी पड़ गया। जिला कमांडेंट की रिपोर्ट के आधार पर दोनों चालकों को नौकरी से बर्खास्त कर दिया गया है। उधर, एक परिचालक को बस में पांच यात्रियों के डब्ल्यूटी (विदआउट टिकट) मिलने और सचल दल के साथ अभद्रता करने पर नौकरी से हाथ धोना पड़ा।
परिवहन निगम की दर्जनों बस चुनावी ड्यूटी पर गई हुई हैं। पहले चरण का चुनाव निपटाने के बाद बसों के माध्यम से जिले की फोर्स दूसरे जनपदों में गई हुई है। डिपो से कुछ बसों को स्थायी चालक और कुछ पर संविदा चालक भेजे गए हैं। जिला कमांडेंट विजय कुमार सिंह ने एआरएम बीपी अग्रवाल को रिपोर्ट भेजी थी। जिसमें कहा गया कि बिजनौर, धामपुर, शेरकोट क्षेत्र में गई बस पर चालक सुशील कुमार और पंकज कुमार ने शराब पीकर बस चलाई। दोनों के कारण फोर्स निर्धारित समय से काफी लेट तैनाती स्थल पर पहुंची।
एआरएम बीपी अग्रवाल ने रिपोर्ट का अवलोकन करने के बाद जांच पड़ताल की। जिसके बाद दोनों चालक सुशील और पंकज की संविदा समाप्त कर दी गई। इनके स्थान पर मुकेश त्यागी, सुनील कुमार चालक को भेजा गया है। उधर, मेरठ की स्क्वॉयड टीम ने मेरठ-मुजफ्फनगर रूट पर डिपो की बस को मंसूरपुर में चेक किया। परिचालक आस मोहम्मद ने बस में पांच यात्रियों से पैसे लेकर उनको टिकट नहीं दिए थे। पांचों यात्री बेटिकट मिले। परिचालक आस मोहम्मद से पूछताछ की गई तो उसने टीम के साथ अभद्रता की। टीम की रिपोर्ट पर उसे भी नौकरी से बाहर किया गया है। एआरएम बीपी अग्रवाल ने बताया कि दोनों को कमांडेंट की रिपोर्ट मिलने के बाद बर्खास्त किया गया है।