दो दिन में सात लोगों की मौत ने खोली व्यवस्था की पोल
मुजफ्फरनगर। जिले में सड़क सुरक्षा सप्ताह केे दौरान महज 48 घंटे के भीतर तीन सड़क हादसों में सात लोगों की मौत ने पुलिस और प्रशासनिक व्यवस्था की पोल खोलकर रख दी है। पुलिस-प्रशासन सड़क सुरक्षा सप्ताह के साथ ही यातायात नियमों का पालन कराने को लेकर कितना गंभीर है, हादसों ने इसका भी खुलासा कर दिया है।
जनपद में दो दिन के भीतर हुए अलग-अलग हादसों का शिकार हुए सभी सात लोग बाइक सवार थे, जिनमें से मंगलवार को पानीपत-खटीमा राजमार्ग पर चलने के बावजूद बाइक सवार तीनों लोग बिना हेलमेट ट्रिपल राइडिंग कर रहे थे, लेकिन कहीं इन्हें चेकिंग के लिए नहीं रोका गया। वहीं, बुधवार शाम बुढ़ाना में हुए हादसे के शिकार तीनों लोग भी बिना हेलमेट के ट्रिपल राइडिंग कर यातायात के नियमों की धज्जियां उड़ा रहे थे, लेकिन पुलिस व ट्रैफिक पुलिस सड़क सुरक्षा सप्ताह के दौरान भी यातायात नियमों का पालन कराने के लिए कहीं नजर नहीं आया। वहीं, परिवहन विभाग की बात करें तो विभागीय अधिकारियों ने केवल ऑफिस व आसपास की मार्केट में सड़क सुरक्षा सप्ताह के बैनर लगाकर इस अभियान की इतिश्री कर डाली है। परिवहन विभाग के अफसर या कर्मचारी इस अभियान के शुरूआती तीन दिन में लोगों को जागरूक करने के लिए कहीं तक नजर नहीं आए।
शहर क्षेत्र में सिमटा है यातायात विभाग
मुजफ्फरनगर। जनपद में ट्रैफिक विभाग का पूरा अमला मौजूद है। यहां न केवल एसपी ट्रैफिक की नियुक्ति है, बल्कि टीएसआई समेत 25 से अधिक कर्मचारियों का भरा-पूरा स्टाफ भी है। इसके बावजूद सड़क सुरक्षा सप्ताह के दौरान यातायात विभाग इसे लेकर गंभीर नजर नहीं आता। ट्रैफिक पुलिस का पूरा अमला शहर क्षेत्र में सिमटा है, लेकिन इसके बावजूद न तो कभी हेलमेट को लेकर अभियान चलाया जाता है और न ही ट्रिपल राइडिंग या किशोरों द्वारा सड़कों पर बेतरतीब दौड़ाए जा रहे वाहनों की रोकथाम के लिए जरूरी कदम उठाए जाते हैं। ट्रैफिक विभाग से जुड़े अफसरों ने तो केवल शहर में चुनिंदा स्थलों पर अपने टारगेट के अनुरूप चालान काटने को ही कार्यशैली बना लिया है, जिसके द्वारा टारगेट से इतर न तो कोई अभियान चलाया जाता है और न ही यातायात नियमों का पालन कराने के लिए लोगों को जागरूक ही किया जाता है।
नौ माह में हुई जनपद में हुई 326 दुर्घटनाएं, 196 मौत
मुजफ्फरनगर। जनपद में एक जनवरी 2020 से 30 सितंबर तक नौ माह की अवधि में कुल 326 सड़क दुर्घटनाएं हुईं हैं। इन हादसों में कुल 196 लोगों ने अपनी जान गंवाई हैं, जबकि 228 लोग इन हादसों में घायल हुए हैं। यह भी उल्लेखनीय है कि इनमें से अधिकांश हादसे और मृतक दुपहिया वाहन सवारों के साथ हुए हैं और इनमें मौतों की बड़ी वजह यातायात नियमों का उल्लंघन करते हुए हेलमेट न लगाने के साथ ही ट्रिपल राइडिंग भी रहा है। बावजूद इसके लोग हैं कि ट्रैफिक नियमों से बेपरवाह होकर अपनी जान जोखिम में डाल रहे हैं।
इन्होंने कहा .........
टीएसआई वीर अभिमन्यु सिंह का कहना है कि ट्रैफिक विभाग द्वारा सड़क सुरक्षा सप्ताह के दौरान अभियान चलाकर लोगों को लगातार ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक किया जा रहा है। हेलमेट और ट्रिपल राइडिंग को लेकर भी नियमित तौर पर अभियान चलाए जाते हैं। इसका उल्लंघन करने पर लगातार चालान भी किए जाते रहे हैं।