रामपुर तिराहा कांड - देहरादून के लिए खास
- झिंझाना थाने के इंस्पेक्टर रहे ब्रज किशोर पर चल रहा मुकदमा
अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। रामपुर तिराहा कांड में पीड़ितों से हथियारों की फर्जी बरामदगी के मामले में सुनवाई एक दिन के लिए टल गई। सिविल जज सीनियर डिवीजन मयंक जायसवाल मंगलवार को सुनवाई करेंगे।
उत्तराखंड संघर्ष समिति के अधिवक्ता अनुराग वर्मा ने बताया कि सिविल जज सीनियर डिवीजन की अदालत में सीबीआई बनाम बृज किशोर की पत्रावली की सुनवाई की तिथि तय थी। अदालत में एक दिन के लिए सुनवाई टल गई। सीबीआई की जांच में सामने आया था कि पुलिस ने पीड़ितों पर फर्जी बरामदगी का केस दर्ज किया था। इसमें शामली के झिंझाना थाने के तत्कालीन इंस्पेक्टर रहे बृज किशोर सहित दो आरोपी हैं।
क्या था मामला
एक अक्तूबर, 1994 को अलग राज्य की मांग के लिए देहरादून से बसों में सवार होकर आंदोलनकारी दिल्ली के लिए निकले थे। देर रात रामपुर तिराहा पर पुलिस ने आंदोलनकारियों को रोकने का प्रयास किया था। पुलिस की फायरिंग में सात आंदोलनकारियों की मौत हो गई थी। सीबीआई ने जांच की। अलग-अलग मामले की सुनवाई अदालत में चल रही है।