भारतीय किसान यूनियन (भाकियू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौधरी राकेश टिकैत ने मंगलवार को एक ट्वीट कर प्रदेश सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने ट्विटर पर लिखा कि यूपी सरकार ने इस वर्ष भी गन्ने का भाव न बढ़ाकर किसानों को छलने का काम किया है। पिछले साल का भी अभी करोड़ों बकाया है।
यह भी पढ़ें: सहारनपुर डबल मर्डर केस: इंसाफ की आस में सूख गए परिजनों के आंसू,हत्यारों का नहीं लगा सुराग,आखिर कब मिलेगा इंसाफ
उन्होंने यह भी लिखा कि पूंजीपतियों की झोली भरने वाली सरकार का किसान विरोधी चेहरा फिर उजागर हो गया। भाकियू किसान हकों के लिए सड़क पर लड़ाई लड़ेगी।
टिकैत बोले- उद्योगपतियों के हाथों की कठपुतली बन गई सरकार
भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत ने कहा कि किसानों का 75 प्रतिशत गन्ना मिलों में जा चुका है। सरकार किसानों की लगातार अनदेखी कर रही है। जहां डीजल, खाद, कीटनाशक दवाइयां और मजदूरी महंगी हुई है, वहीं गन्ने के दाम न बढ़ाना निराशाजनक है। जहां किसानों की गन्ना उत्पादन लागत बढ़ी है, वहीं ऐसे में गन्ने के दाम न बढ़ाने से यह बात साबित होती है कि यह सरकार उद्योगपतियों के हाथों की कठपुतली बनी हुई है। देश के बेहतर भविष्य एवं देश के विकास के लिए देश की रीढ़ किसान का मजबूत और आत्मनिर्भर होना बेहद जरूरी है। वह तभी संभव है, जब किसान को उसकी फसलों का वाजिब दाम मिले। संगठन किसानों के हक के लिए अपना संघर्ष जारी रखेगी।
यह भी पढ़ें: नकली नोट का मामला: आफताब का पाकिस्तान से कनेक्शन, पूछताछ में उगला ऐसा सच, पुलिस अफसर भी हैरान