नाविक की लापरवाही से अभिभावक खफा
पुरकाजी। खादर क्षेत्र में नाविक की लापरवाही का खामियाजा स्कूल के छात्रों को भुगतना पड़ता है। स्कूल में देरी से पहुंचने पर छात्रों को अध्यापकों की डांट खानी पड़ती है। इससे क्षुब्ध अभिभावकों और बच्चों ने हंगामा किया
करीब दो माह पूर्व उत्तराखंड की पहाड़ियों से छोड़े गए पानी से खादर क्षेत्र की सोलानी नदी उफान पर आ गई थी। पानी नदी से बाहर निकलकर खेतों व जंगलों में भर गया था। ग्रामीणों की सुविधा के लिए प्रशासन द्वारा नदी पर एक नाव लगाकर दो नाविक तैनात किए गए थे। दो माह बीत जाने के बावजूद नदी में अभी भी करीब आठ फुट पानी है। अभी स्कूल खुल जाने पर छात्र छात्राएं भी नाव में बैठकर ही स्कूल जा पा रहे हैं। पिछले कई दिनों से नाविक के समय से नहीं पहुंचने पर स्कूल जाने वाले छात्र छात्राओं को स्कूलों में देरी से पहुंचने पर अध्यापकों की डांट खानी पड़ रही है। बुधवार को परिजन अपने बच्चों के नाव के पास छोड़ने गए, जहां पर नाविक के नहीं मिलने पर बच्चों व उनके परिजनों ने हंगामा किया। राजू प्रजापति, रविंदर सिंह, श्याम सिंह, करण सिंह, राजेंद्र सिंह, सतपाल सिंह, सुंदर लक्ष्मण सिंह, कटार सिंह आदि अभिभावकों ने बताया कि छात्रों को साढ़े छह बजे नाव से स्कूल के लिए निकलना पड़ता है। मगर नाविक सात बजे तक भी नाव पर नहीं आते हैं, जिससे छात्रों को स्कूल पहुंचने में देरी हो जाती है। इस संबंध में एसडीएम सदर दीपक कुमार का कहना है कि मामले की जांच कर नाविक को समय से नाव पर पहुंचने की हिदायत दी जाएगी।