ओमिक्रॉन की दहशत, दवा बाजार में हलचल
मुजफ्फरनगर। कोरोना संक्रमण के नए स्वरूप ओमिक्रॉन की भले ही जिले में दस्तक नहीं हुई है, लेकिन दवा बाजार में हलचल जरूर है। पुलिस-प्रशासन की सख्त होती पाबंदियों के बीच लोगों ने एहतियात के लिए कदम बढ़ाने शुरू कर दिए हैं। मास्क, सैनिटाइजर और इम्यूनिटी बढ़ाने वाली दवाइयों की मांग बढ़ने लगी है। दूसरी लहर में दवाइयों की कमी झेल चुके दवा व्यवसायी भी इस बार सतर्क हैं और मुख्य दवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करा रहे हैं। जिन उत्पादों की बिक्री दूसरी लहर में कई गुणा बढ़ गई थी, फिर से उनकी मांग बढ़ने की संभावना के मद्देनजर तैयारियां की जा रही हैं।
क्या कहते हैं दवा विक्रेता
- अग्रवाल मार्केट में दवा विक्रेता संजीव वर्मा का कहना है कि ओमिक्रॉन से मास्क और सैनिटाइजर को लेकर लोग जागरूक हुए तो मांग बढ़ रही है। जरूरी दवाइयों की उपलब्धता निश्चित की जा रही हैं।
- जिला परिषद मार्केट में दवा विक्रेता मनोज सोलंकी कहना है कि सैनिटाइजर की मांग बढ़ी है। एहतियात के तौर पर भी लोग दवाई और सैनिटाइजर खरीद रहे हैं। इसके अलावा सावधानी भी लोगों ने बढ़ा दी है।
जिले में तीन हजार दवा विक्रेता
जिले में लगभग तीन हजार दवा विक्रेता हैं। दूसरी लहर में जरूरी दवाओं की कमी होने के कारण मुश्किलों का सामना करना पड़ा था।
इन चीजों की बढ़ रही मांग
मास्क, सैनिटाइजर, थर्मामीटर, पल्स ऑक्सीमीटर और इम्यूनिटी बढ़ाने वाली दवाइयां।
दवाइयां पूरी, एहतियात जरूरी : सीएमओ
सीएमओ डॉ. महावीर सिंह फौजदार का कहना है कि सरकारी अस्पतालों में पर्याप्त दवाइयां उपलब्ध हैं। लगातार मॉनीटरिंग की जा रही है। जिले में अभी ओमिक्रॉन का एक भी केस नहीं मिला है। एहतियात बरतने से बीमारी से बचाव किया जा सकता है।