यूपी के शामली जिला स्थित बाबरी क्षेत्र के गांव बुटराड़ा निवासी आठवीं पास समीर (22) का नापाक चेहरा सामने आया है। वह गांव में मजदूरी करते हुए पाकिस्तान का जासूस बन गया। मजदूरी करने के बहाने वह घर से कई बार बाहर गया था। देश विरोधी गतिविधियों में लिप्त होने के आरोप में गाजियाबाद पुलिस ने उसे गिरफ्तार किया है। उसकी गिरफ्तारी पर ग्रामीण भी हैरत में हैं।
चार दिन पहले शनिवार शाम को गाजियाबाद पुलिस समीर को हिरासत में लेकर गई थी। लंबी पूछताछ व जांच पड़ताल के बाद गाजियाबाद पुलिस ने उसे देश विरोधी गतिविधियों में लिप्त होने के आरोप में मंगलवार को गिरफ्तार किया है। उसके साथ पुलिस ने दो अन्य आरोपी समीर उर्फ शूटर हाल निवासी चांदनी चौक दिल्ली मूल निवासी झुनझुना बस्ती सोमापुर भागलपुर बिहार और शिवराज निवासी भोवापुर कौशांबी गाजियाबाद मूल पता बहादरपुर शाहजहांपुर को भी गिरफ्तार किया है।
पूछताछ में सामने आया कि समीर विभिन्न सुरक्षा बल के ठिकानों व अन्य महत्वपूर्ण प्रतिष्ठानों, रेलवे स्टेशनों आदि की रेकी कराकर उनके फोटो व वीडियो और जीपीएस लोकेशन विदेशी नंबरों पर भेजता था। समीर तीन भाइयों में मझला है। उसकी दो बहन हैं, जिनमें एक की शादी हो चुकी है। पिता और दोनों भाई मजदूरी करते हैं। समीर भी गांव में राजमिस्त्री व ठेकदार के पास मजदूरी करता था। वह गांव से कई बार सप्ताह-सप्ताह तक मजदूरी करने की बात कहकर गया था, लेकिन किसी को नहीं पता था कि वह मजदूरी के बहाने बाहर जाकर पाकिस्तान के लिए जासूसी करने का देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम देता है। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में किसी को उनकी नापाक हरकतों के बारे में भनक तक नहीं लग सकी।
ये है मामला...
शामली जिले के गांव बुटराड़ा निवासी समीर को पाकिस्तानी जासूसी नेटवर्क से जुड़े होने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। उसे गाजियाबाद पुलिस ने ईद के दिन उठाया था। पूछताछ के बाद पाकिस्तानी जासूस होने की पुष्टि होने पर गिरफ्तार कर लिया गया।
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ऐसे बना पाकिस्तान का प्यादा
पुलिस के अनुसार समीर एक जासूसी गिरोह का सक्रिय सदस्य है। वह साल 2024 में इंस्टाग्राम के माध्यम से नौशाद नामक व्यक्ति के संपर्क में आया था। इसके बाद दोनों के बीच बातचीत शुरू हुई और बाद में उसे एक व्हाट्सएप ग्रुप में जोड़ा गया, जिसमें मीरा नाम की महिला पहले से जुड़ी हुई थी। इस ग्रुप के सदस्यों के संपर्क में आकर उसकी जासूसी करनी शुरू कर दी।