संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। इंटीग्रेटेड टाउनशिप के मामले में आए सुप्रीम कोर्ट के आदेश का अनुपालन कराने के लिए एसडीएम सदर और एमडीए अधिकारी पुलिस को साथ लेकर जानसठ रोड स्थित द्वारिका सिटी पहुंचे। वहां उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए यथास्थिति बनाए रखने के निर्देश दिए।
शहर के शेरनगर और बीबीपुर में द्वारिका बालाजी कंसोर्टियम कंपनी की ओर से करीब 100 एकड़ भूमि में इंटीग्रेटेड टाउनशिप की स्थापना की गई है। टाउनशिप का 90 प्रतिशत से अधिक निर्माण कार्य पूर्ण हो चुका है। कंपनी को करीब 30 बीघा भूमि खरीदनी शेष है।
जानसठ रोड पर बस रही कॉलोनी द्वारिका सिटी को लेकर विवाद चल रहा है। कॉलोनी के मध्य में स्थित करीब सात बीघा भूमि के स्वामी की ओर से कई मामलों को लेकर शासन में शिकायत की गई थी।
मंडलायुक्त और हाईकोर्ट से राहत न मिलने के बाद मामले में शिकायतकर्ता उत्तरी सिविल लाइन निवासी गुंजन गुप्ता ने सुप्रीम कोर्ट का दरवाजा खटखटाया था। जिस पर सुनवाई के बाद सुप्रीम कोर्ट ने यथास्थिति का आदेश जारी किया।
एसडीएम सदर निकिता शर्मा ने बताया कि कंपनी संचालकों को सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बारे में जानकारी देने का निर्देश दिया गया था। बताया कि एमडीए अधिकारियों के साथ शनिवार को वह द्वारिका सिटी गई थीं।
वहां मौजूद कंपनी पदाधिकारियों को उन्होंने सुप्रीम कोर्ट के आदेश का हवाला देते हुए उसके अनुपालन के निर्देश दिए। सीओ नई मंडी रुपाली राय, एमडीए सहायक अभियंता भरत पाल भी शामिल रहे। कंपनी निदेशक अजय बंसल का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश का अनुपालन करते हुए सभी निर्माण कार्य पहले से ही रोके गए हैं।