मुजफ्फरनगर में माध्यमिक शिक्षा विभाग की लापरवाही के कारण इंस्पायर अवार्ड योजना के अंतर्गत जीआईसी में होने वाली जनपदीय स्तरीय विज्ञान मॉडल एवं प्रोजेक्ट प्रदर्शनी नहीं हो सकी। जानकारी के अभाव में स्कूल, कॉलेजों से चयनित विद्यार्थी प्रदर्शनी में नहीं आए।
माध्यमिक शिक्षा विभाग की ओर से तीन दिवसीय जिला स्तरीय मॉडल एवं प्रोजेक्ट प्रतियोगिता की प्रदर्शनी होनी थी। शुक्रवार से इसका आयोजन राजकीय इंटर कॉलेज में तय किया गया था, इसके लिए जिलेभर के जूनियर हाईस्कूल, हाईस्कूल और इंटर कॉलेज के विज्ञान वर्ग के 71 छात्र-छात्राओं का चयन किया गया था, उन्हें अपने मॉडल इस प्रदर्शनी में प्रदर्शित करने थे, मगर उन्हें इस प्रदर्शनी की सूचना नहीं दी गई।
यह प्रदर्शनी 14 से 16 अक्टूबर तक चलनी थी। जानकारी के अभाव में चयनित बाल वैज्ञानिक प्रदर्शनी में नहीं पहुंचे। शुक्रवार सुबह जीआईसी में गतवर्ष की प्रदर्शनी में प्रतिभाग करने वाले कुछ बच्चे अपने मॉडल लेकर पहुंचे, लेकिन इनका नाम भी सूची में नहीं था। इन बच्चों के नाम जब सूची में नहीं मिले तो वहां पर हंगामा खड़ा हो गया। बच्चों ने शिक्षा विभाग से जारी निमंत्रण पत्र दिखाते हुए हंगामा करना शुरू कर दिया, जबकि प्रदर्शनी में भाग लेने के लिए वर्ष 2016-17 के लिए चयनित 71 बच्चों में कोई नहीं पहुंचा था। कॉलेज में जिला विद्यालय निरीक्षक वीपी सिंह समेत अधिकारी और कर्मचारी बच्चों की बांट जोहते रहे।
उधर, बच्चों एवं शिक्षकों के लिए सवेरे नाश्ता तैयार हो गया था तथा इसके बाद खाना भी तैयार कर दिया गया, लेकिन सारी तैयारियां धरी रह गईं। विज्ञान मॉडल प्रदर्शनी को बच्चों के नहीं आने के कारण रद्द कर दिया गया। डीआईओएस भी अव्यवस्था देखकर वहां से चले गए। इंस्पायर अवार्ड योजना के जिला प्रभारी जीआईसी के उप प्रधानाचार्य रमेशचंद शर्मा ने बताया कि उनको कुछ ही दिन पहले यह जिम्मेदारी दी गई थी। उन्हें यह पता नहीं है कि चयनित बच्चों को सूचना दी गई थी या नहीं।