पूर्व विधायक शाहनवाज राना ने जेल से सात नंबरों पर बात की थी। पुलिस इन नंबरों का रिकॉर्ड खंगाल रही है। सातों नंबर बंद आ रहे हैं। अब तक की जांच में साफ हो गया कि तीन नंबर पूर्व विधायक के परिवार के हैं।
पूर्व विधायक शाहनवाज राना जीएसटी चोरी के मामले में जिला जेल में बंद थे। इसी साल 25 मार्च की रात चेकिंग के दौरान राना से मोबाइल मिला था। जेलर राजेश कुमार ने अभद्रता करने व धमकी देने का आरोप लगाते हुए राना के खिलाफ नई मंडी कोतवाली में रिपोर्ट दर्ज कराई थी।
मोबाइल में मिला सिम बिजनौर के पूर्व विधायक मोहम्मद गाजी के नौकर के बेटे समीर के नाम वाला निकला था। इस मामले में पुलिस ने गाजी को गिरफ्तार कर लिया था। वह शाहनवाज राना के संबंधी हैं। वह भी जेल में बंद हैं।
पुलिस ने जांच की तो पता चला कि सिम से सात मोबाइल नंबरों पर बात की गई है। इनमें तीन नंबर शाहनवाज राना के परिजनों के हैं। दो नंबर दिल्ली में प्रयोग किए थे। पुलिस ने सभी सातों नंबरों का पता लगाकर उनका प्रयोग करने वाले लोगों को नोटिस भेजे हैं। उनसे जवाब तलब किया है। एसपी सिटी सत्य नारायण प्रजापत का कहना है कि मामले में जांच पड़ताल चल रही है।
ये है मामला
पिछले साल चार दिसंबर को राना स्टील में जीएसटी टीम पर हमला और महिला अधिकारी से छेड़छाड़ के मामले में पूर्व विधायक शाहनवाज राना को जेल भेजा गया था। दिसंबर 2024 को धोखाधड़ी का दूसरा मुकदमा दर्ज हुआ, जिसमें अभी तक जमानत नहीं मिली है। पिछले महीने 25 मार्च को जेलर राजेश कुमार ने राना से मोबाइल बरामद किया था। मोबाइल प्रकरण के बाद राना को चित्रकूट जेल भेजा गया है।