फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Muzaffarnagar Murder Case: किसान नेता जगबीर सिंह की हत्या में नरेश टिकैत दोषमुक्त

Mon, 17 Jul 2023 01:00 PM IST
कपिल kapil संवाद न्यूज एजेंसी, मुजफ्फरनगर

सार

Muzaffarnagar Murder Case : मुजफ्फरनगर में किसान नेता चौधरी जगबीर सिंह की हत्या के मामले में नरेश टिकैत को दोषमुक्त कर दिया गया है।
विज्ञापन
टिकैत कोर्ट पहुंचे। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मुजफ्फरनगर में किसान नेता चौधरी जगबीर सिंह की हत्या के मामले में भाकियू अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत को दोषमुक्त कर दिया गया। अपर सत्र न्यायालय (विशेष न्यायालय गैंगस्टर एक्ट) कोर्ट नंबर पांच के पीठासीन अधिकारी अशोक कुमार ने इस प्रकरण की सुनवाई की। वहीं, पूर्व मंत्री धर्मवीर बालियान कचहरी पहुंचे और अदालत के फैसले पर खुशी जताई।

विज्ञापन


करीब 20 साल बाद आए इस फैसले को लेकर कचहरी परिसर में सुरक्षा बढ़ा दी गई थी। वहीं, फैसले के दौरान कचहरी परिसर में पुलिस बल तैनात रहा। जिले के सबसे चर्चित मामलों में शामिल हत्याकांड़ के फैसले पर लोगों की निगाह टिकी हुई थी। लेकिन अब फैसले का इंतजार खत्म हो गया है। इस मामले में पूर्व मंत्री योगराज सिंह वादी है। 

बताया गया कि चौधरी नरेश टिकैत को वादी योगराज के बयान के बाद धारा 319 सीआरपीसी में तलब किया गया। पेश होने के पर अदालत ने उन्हें जेल भेज दिया था। तीन दिन में जमानत मंजूर हुई थी। दरअसल, इस केस में थाना पुलिस के अलावा एसआईटी और सीबीसीआईडी ने विवेचना में नरेश टिकैत की संलिप्तता नहीं पाने पर उन्हें क्लीन चिट दी थी।
विज्ञापन


यह भी पढ़ें: Meerut News : रैपिडएक्स के कर्मचारियों पर गिरा स्लैब, मची चीख-पुकार, आठ मजदूर हुए घायल

विज्ञापन

क्या था मामला
किसान नेता जगबीर सिंह की छह सितंबर 2003 को भौराकलां थाना क्षेत्र के अलावलपुर माजरा गांव में गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। पूर्व मंत्री एवं रालोद नेता योगराज सिंह ने मामले में अलावलपुर गांव के राजीव उर्फ बिट्टू और प्रवीण के अलावा सिसौली निवासी भाकियू के राष्ट्रीय अध्यक्ष चौधरी नरेश टिकैत के खिलाफ हत्या का मुकदमा पंजीकृत कराया था। मुकदमे के विचारण के दौरान प्रवीण और बिट्टू की मौत हो चुकी है। जांच में पुलिस और सीबीसीआईडी ने चौधरी नरेश टिकैत को क्लीन चिट दे दी थी। मगर, सत्र परीक्षण शुरू होने पर वादी के बयान अंतर्गत धारा 319 के तहत अदालत ने उन्हें आरोपी के रूप में तलब किया था।

यह भी पढ़ें: एक साथ उठीं छह अर्थियां: जिगर के टुकड़ों को कफन में देख बेसुध हुईं माताएं, बच्चों की चीख से सिहर उठा हर कोई

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें