हंगामा कर रहे ग्रामीणों को खदेड़ती पुलिस।
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गांव भनवाड़ा में बीडीओ बुढ़ाना और नायब तहसीलदार बुढ़ाना की देखरेख में राशन की दुकान के लिए पांचवीं बार खुली बैठक का आयोजन किया गया। ग्रामीणों के बीच कई बार आपस में नोकझोंक हुई। पुलिस को कई बार लाठियां फटकार कर ग्रामीणों की भीड़ को खदेड़ना पड़ा। बैठक में शाहिन को 918 मत मिले और उसके प्रतिद्वंद्वी इमराना को 875 मत मिले। शाहिन को 43 मत से विजयी घोषित किया गया।
रतनपुरी के गांव भनवाड़ा में राशन डीलर रुखसार पत्नी इस्माइल की दुकान चार माह पूर्व निरस्त कर दी गई थी। इस दुकान के स्थान पर दूसरी दुकान के चुनाव के लिए शाहिन पत्नी आसिफ और इमराना पत्नी महकार ने आवेदन किया था। सोमवार को प्राथमिक स्कूल में खुली बैठक का आयोजन किया गया।
बीडीओ सुभाष चंद व नायब तहसीलदार अजब सिंह ने दोनों पक्ष के लोगों से शांतिपूर्ण ढंग से सहयोग करने की अपील की। रतनपुरी थानाध्यक्ष विरेंद्र कसाना ने पहले ही दोनों पक्ष के लोगों को पहचान पत्र देखकर ही अंदर आने दिया। दोनों पक्ष के सभी लोगों को अंदर लेने के बाद सभी लोगों की गिनती कराकर एक एक को बाहर निकाला गया।
बैठक में शाहिन को 918 मत मिले और उसके प्रतिद्वंद्वी इमराना को 875 मत मिले। शाहिन को 43 मत से विजयी घोषित किया गया। इससे पहले, नौ फरवरी को भी इस दुकान के लिए खुली बैठक का आयोजन किया गया था। एक-दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप के कारण हंगामा हो गया था।
इस पर बीडीओ सुभाषचंद ने बैठक को बेनतीजा निरस्त कर दिया था। इस दौरान काफी संख्या में ग्रामीण स्कूल के बाहर एकत्र रहे। पुलिस को भीड़ को नियंत्रित करने में काफी मशक्कत करनी पड़ी। ग्रामीणों के बीच कई बार आपस में नोकझोंक भी हुई।
इस दौरान पुलिस ने भीड़ को लाठियां फटकार करके खदेड़ना पड़ा। इस दौरान पूर्ति निरीक्षक नरेंद्र प्रताप सिंह, सप्लाई लिपिक सचिन कुमार, नायब तहसीलदार अजब सिंह, कानूनगो ब्रह्म सिंह, लेखपाल वारिस अली, लेखपाल ललित मोहन समेत पुलिस बल मौजूद रहा।