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तस्लीम हत्याकांड में पूर्व प्रधान समेत चार को उम्र कैद

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Life imprisonment for four including former head - फोटो : amar ujlala
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पुरानी रंजिश में चार साल पहले हुई थी सीकरी के तसलीम अहमद की हत्या
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अमर उजाला ब्यूरो
मुजफ्फरनगर। अदालत ने सीकरी के तसलीम अहमद हत्याकांड में पूर्व प्रधान समेत चार आरोपियों को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही साढ़े चार लाख रुपये जुर्माना किया है, जिसमें से तीन लाख रुपये वादी पक्ष को देने के आदेश दिए है। पुरानी रंजिश के चलते चार साल पहले यह वारदात हुई थी।
अभियोजन पक्ष के अनुसार भोपा थाना पर गांव सीकरी निवासी ताजिम ने 16 अक्तूबर 2015 को अपने भाई तस्लीम अहमद की हत्या का नामजद मुकदमा दर्ज कराया था। बताया था कि उसका भाई तसलीम सुबह आठ बजे जंगल में जा रहा था। रास्ते में पुरानी रंजिश के चलते उसके भाई तस्लीम की गांव के ही पूर्व प्रधान जमशेद, गुलसनव्वर पुत्रगण इशरत अली, मुनव्वर पुत्र भोला और नदीम पुत्र बशीरू ने गोली मार कर हत्या कर दी। इस मुकदमे की सुनवाई एससी/एसटी एक्ट विशेष न्यायाधीश पंकज कुमार अग्रवाल की अदालत संख्या-2 में हुई। एडीजीसी अंजुम खान और वादी के अधिवक्ता नासिर अली व पूर्व डीजीसी यशपाल सिंह ने कोर्ट में आठ गवाह और सबूत पेश किए। न्यायाधीश ने 20 अगस्त को दोनों पक्षों को सुनते हुए चारों आरोपियों को तस्लीम की हत्या करने का दोषी करार दिया था। शनिवार को सजा पर सुनवाई हुई। पूर्व डीजीसी यशपाल सिंह ने बताया कि अदालत ने तसलीम की हत्या में चारों गुनाहगारों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। कोर्ट ने मनव्वर और नदीम को उम्रकैद के साथ एक लाख 12 हजार रुपये जुर्माना तथा जमशेद व गुलसनव्वर को उम्रकैद के साथ एक लाख 13 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। कोर्ट ने कुल जुर्माने की धनराशि चार लाख 50 हजार रुपये में से तीन लाख रुपये वादी पक्ष को दिए जाने के आदेश दिए है। सजा पाने वालों में पूर्व प्रधान जमशेद मिर्जापुर जेल में और उसका भाई गुलसनव्वर फिरोजाबाद जेल में बंद है, जबकि मुनव्वर और नदीम जमानत पर थे। सजा सुनाए जाने पर उन्हें भी जेल भेज दिया गया।
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गांव में तैनात रही पुलिस
भोपा। तस्लीम हत्याकांड़ में चार आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाए जाने पर पुलिस की गांव सीकरी पर पैनी नजर रही। वही, मामले की पैरवी करने वालों को पहले ही पुलिस अभिरक्षा दी गई हैं। गांव सीकरी में सीओ भोपा राम मोहन शर्मा व थाना प्रभारी निरीक्षक एमएस गिल पुलिस बल के साथ गस्त करते रहे। गांव में पूर्ण रुप से शांति रही।
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