चरथावल। जीआरएम ग्रुप के प्रेसीडेंट समेत छह लोगों को दिल्ली से चंडीगढ़ लेकर जा रहे हेलीकॉप्टर को खराब मौसम के कारण चरथावल क्षेत्र के गांव सिंगलपुर के जंगल में इमरजेंसी लैंडिंग करानी पड़ी।
पुलिस ने हेलीकॉप्टर और यात्रियों की सुरक्षा के लिए मौके पर पहुंचकर घेराबंदी की। करीब दो घंटे बाद मौसम साफ होने पर हेलीकॉप्टर उड़ान भरकर गंतव्य के लिए रवाना हुआ।
बुधवार को तेज बारिश के चलते सिग्नल नहीं मिलने के कारण एक हेलीकॉप्टर कई बार सिंगलपुर गांव के जंगल के ऊपर भटक रहा था। गांव वाले हेलीकॉप्टर की गतिविधि पर निगाह जमाए हुए थे। पायलट ने चार-पांच बार हेलीकॉप्टर को उतारने का प्रयास किया।
आसमान में छाए बादल के चलते जब पूरी तरह सिग्नल गायब हो गए तो उसने गांव के लाल सिंह के उरद के खेत में इमरजेंसी लैंडिंग करा दी। मामला संदिग्ध देख ग्रामीणों ने पुलिस को सूचना दी। कस्बा प्रभारी सूबे सिंह यादव मय फोर्स के मौके पर पहुंचे। आसपास लोगों की भीड़ इकट्ठा हो गई।
हर कोई हेलीकॉप्टर के नजदीक पहुंचने का प्रयास कर रहा था। पुलिस के मुताबिक उसमें सवार पायलट कैप्टन मनोज शुक्ला, जीआरएम ग्रुप के प्रेसीडेंट आरबी शेषण, प्रोजेक्ट मैनेजर अनिल भटनागर, ईडी अजित देसाई एवं एडवाइजर ओआर ललिता समेत छह लोग सवार थे।
हिमालयन हिल सर्विस का हेलीकॉप्टर सुबह हिमाचल में निर्माणाधीन डेम पर इंजीनियर समेत पूरी टीम को लेकर दिल्ली से उड़ा था। रास्ते में अचानक मौसम खराब हो गया। करीब 10.30 बजे खराब मौसम के कारण हेलीकॉप्टर को गांव के जंगल में लैंड कराना पड़ा। करीब दो घंटे बाद हेलीकॉप्टर सिग्नल मिलने पर पूरी टीम को लेकर गंतव्य को रवाना हुआ।