बच्चे की हत्या में चार अभियुक्तों को उम्रकैद
मुजफ्फरनगर। अदालत ने सात साल के बच्चे वाणु की हत्या के मामले में स्कूल संचालक सहित चार लोगों को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। चारों पर अर्थदंड भी लगाया गया है। व्यावसायिक प्रतिद्वंद्विता में वारदात को अंजाम दिया गया। बच्चे का पिता भी गोली लगने से घायल हुआ था।
जानसठ के मोहल्ला मिश्रान निवासी अलका पत्नी विनोद ने जानसठ कोतवाली पर 18 जुलाई 2016 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि वह अपने पति विनोद, सात साल के बेटे वाणु और पांच साल की बेटी अवनि के साथ स्कूटर से घर लौट रहे थे। जानसठ-खतौली मार्ग पर अमित, आबिद निवासी मकसूदाबाद, राहुल व अजय निवासी अहमदगढ़ ने गोली मार दी। जिससे विनोद व वाणु घायल हो गए। इलाज के दौरान बेटे वाणु की मौत हो गई।
घटना को रंजिशन बताते हुए अलका ने आरोप लगाया कि उसके पति विनोद व मुख्य अभियुक्त अमित दोनों प्राइवेट स्कूल चलाते हैं। विनोद के स्कूल में ज्यादा बच्चों का दाखिला हो गया। जिस कारण अमित उसके पति विनोद से रंजिश रखता था और इसी रंजिश में अमित ने अपने साथियों के साथ पति विनोद को घायल कर बेटे वाणु की हत्या कर दी।
जिला शासकीय अधिवक्ता राजीव शर्मा ने बताया कि इस मुकदमे की सुनवाई अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश निशांत देव की अदालत संख्या- 6 में हुई। एडीजीसी नीरजकांत मलिक व प्रदीप शर्मा ने कोर्ट में 16 लोगों की गवाही कराई। न्यायाधीश ने दोनों पक्षों को सुनते हुए अभियुक्त अमित, आबिद, राहुल और अजय को दोषी करार देते हुए आजीवन कारावास व 30-30 हजार रुपया जुर्माने की सजा सुनाई है।