मुजफ्फरनगर में घने कोहरे ने ट्रेनों की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिया। कोहरे के कारण बृहस्पतिवार को दिल्ली-मेरठ-सहारनपुर रेल मार्ग पर चलने वाली 13 ट्रेन अपने निर्धारित समय से चार घंटे तक देरी से यहां पहुंची। समय पर ट्रेन नहीं मिलने से यात्री हलकान रहे। इन दिनों कड़ाके की सर्दी पड़ रही है। तापमान लगातार पांच डिग्री सेल्सियस से नीचे ही चल रहा है। ऐसे में सर्दी के साथ घना कोहरा भी पड़ रहा है। कोहरे से ट्रेनों का संचालन प्रभावित हो रहा है। घना कोहरा होने के कारण रेल अपनी निर्धारित गति पर नहीं दौड़ रही है।
कोहरे ने ट्रेनों की रफ्तार पर ब्रेक लगा दिए है, जिसका परिणाम स्वरूप ट्रेन स्टेशनों पर निर्धारित समय पर नहीं पहुंच पा रही हैं। बृहस्पतिवार को कोहरे के कारण इस मार्ग पर चलनी वाली 13 ट्रेन प्रभावित हुई, जो मुजफ्फरनगर स्टेशन पर विलंब से पहुंची। कोहरे के कारण विलंब से संचालित होने वाली एक दर्जन से अधिक ट्रेनें शामिल रही, जिसमें सहारनपुर-दिल्ली पैसेंजर एक घंटा 55 मिनट, इलाहाबाद एक्सप्रेस चार घंटे 20 मिनट, जनशताब्दी एक घंटा पांच मिनट, निजामुद्दीन-अंबाला पैसेंजर एक घंटा पांच मिनट,
नौचंदी एक घंटा, उत्कल एक्सप्रेस 55 मिनट, अंबाला-दिल्ली इंटरसिटी दो घंटे सात मिनट, शालीमार एक्सप्रेस तीन घंटे पांच मिनट, बांद्रा-देहरादून एक्सप्रेस एक घंटा 40 मिनट, इंदौर-अमृतसर एक्सप्रेस चार घंटे, जालंधर इंटरसिटी सुपर दो घंटे दो मिनट, अंबाला-दिल्ली पैसेंजर एक घंटा 50 मिनट, अहमदाबाद-हरिद्वार योगा एक्सप्रेस तीन घंटे 43 मिनट देरी से चली। निर्धारित समय पर ट्रेन नहीं मिलने पर यात्री हलकान रहे। आरक्षण वाले यात्रियों ने ट्रेनों का इंतजार किया, जबकि दैनिक यात्रियों ने ट्रेन लेट होने के कारण बसों में सफर करना बेहतर समझा।
बसों का संचालन भी बाधित
मुजफ्फरनगर। लगातार पड़ रहे घने कोहरे का असर पर सड़क यातायात पर भी पड़ रहा है। कोहरे में वाहन रेंगते नजर आए। कोहरे से सबसे अधिक रोडवेज बसों का संचालन बाधित हो रहा है। रात्रि में यात्री कम ही सफर कर रहे है। ऐसे में रोडवेज डिपो की आय भी प्रभावित हो रही है। मुजफ्फरनगर डिपो को कोहरे और सर्दी के कारण प्रतिदिन करीब चार लाख के राजस्व की कम प्राप्ति हो रही है।
सर्दी का सितम जारी
मुजफ्फरनगर। जिले में सर्दी का सितम जारी है। सुबह के समय कोहरे और दिन भर चल रही शीत लहर ने जीवन को थाम दिया है। ठंड का आम जनमानस पर सीधा असर पड रहा है। शाम ढलते ही बाजार खाली हो रहे हैं। रात्रि में सड़के सुनसान हो रही है।
जनपद में 15 दिसंबर से सर्दी का प्रकोप लगातार जारी है।
बृहस्पतिवार को न्यूनतम तापमान 2.6 डिग्री सेल्सियस रहा। कोहरे के कारण सुबह दस बजे तक आम आदमी अपने घरों में दुबका रहता है। बाजारों में 11 बजे के लगभग रौनक हो पा रही है। शाम के समय भी यही हालत है। शाम को सात बजे के बाद बाजार एक दम सुनसान होने प्रारंभ हो जाते हैं। रात्रि में तो सड़कों पर आवागमन दिखाई नहीं देता है। दिन में चल रही शीतलहर ने जनजीवन को सबसे ज्यादा प्रभावित किया है। बाजारों में ग्रामीण अंचल के लोग काफी कम आ पा रहे हैं। शीत लहर में लोग दिन में भी कंपकंपाने के लिए मजबूर है।