प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत लगाई मकानों की सूची में नाम तलाशने के लिए आवेदक परेशान हैं। सूची का प्रकाशन इंग्लिश में, जबकि ज्यादातर आवेदक साक्षर भी नहीं हैं। इस मामले को लेकर दूसरे दिन भी पालिका परिसर में लोगों ने हंगामा किया, लेकिन पात्रता की जांचकर्ता विजन कंपनी ने एक नहीं सुनी। दिनभर कार्यालयों में महिलाओं के बीच धक्का-मुक्की होती रही।
जनपद में प्रधानमंत्री आवासीय योजना के लिए डूडा, पालिका आदि विभागों में 31 हजार से अधिक लोगों के आवेदन आए थे। केंद्र सरकार ने पात्रों की जांच के लिए विजन कंपनी को जिम्मेदारी दी है। कई सप्ताह तक जांच के बाद शुक्रवार को पहली संशोधित सूची का प्रकाशन किया गया।
एक साथ सभी पात्रों के नाम सार्वजनिक कर पालिका परिसर में सूची लगाई गई है। यह सूची इंग्लिश में प्रकाशित कर दी गई। ऐसे में दो दिन से पालिका हंगामे का अखाड़ा बनी हुई है। अधिकांश आवेदक अंग्रेजी में नाम तो दूर की बात हिंदी पढ़ने में भी सक्षम नहीं हैं।
आवेदकों में साक्षरता कम होने के कारण हंगामा और रोष बना हुआ है। शनिवार को भी सूची में नाम ढूंढने के लिए सुबह कोहरे में ही लोगों की भीड़ पालिका में जुट गई। असंतोष लोगों ने पालिका में हंगामा कर सूची को हिंदी में प्रदर्शित करने की मांग की, लेकिन कंपनी के कर्मचारियों पर कोई असर नहीं पड़ा।
इसे लेकर महिलाओं का पारा चढ़ गया। महिलाओं ने कार्यालयों में काम कर रहे कर्मचारियों का घेराव कर नाम ढूंढकर देने का पक्ष रखा। इस पर कर्मचारियों ने साफ कर दिया कि खुद की नाम ढूंढें, उनके पास सूची हिंदी में उपलब्ध नहीं है।
डूडा के परियोजना अधिकारी धन प्रकाश ने बताया कि आवेदकों को परेशान होने की जरूरत नहीं है। अपने पूर्ण कागजों के साथ कर्मचारियों से मिलें। सोमवार तक पालिका में जांच कैंप जारी रहेगा, यहां सभी आवेदकों की पड़ताल की जाएगी।
सोमवार तक करा सकते हैं जांच
मुजफ्फरनगर। पात्रों की जांच के लिए विजन कंपनी के साथ प्रशासनिक अधिकारियों ने पूरी तैयारियों को अमलीजामा पहनाया है। सोमवार तक आवेदक अपने प्रमाण पत्रों को साथ लेकर जांच करा सकता है। इसके लिए आधार कार्ड, आवेदन फार्म, मोबाइल नंबर, बैंक एकाउंट नंबर आदि का मिलान होगा। इसके बाद सूची से मिलान कर व्यक्ति को पात्र माना जाएगा।
महिलाओं में हुई धक्का-मुक्की
मुजफ्फरनगर। पालिका परिसर में जांच के लिए विजन कंपनी के कर्मचारियों की ड्यूटी लगाई गई है। पात्रता की जांच के लिए महिलाएं और पुुरुष अपने आधार कार्ड लेकर कार्यालयों में घुस गए। इस दौरान महिलाओं के बीच जांच कराने की होड़ मची रही। जिससे कई बार धक्का-मुक्की हुई। हंगामा होने पर कर्मचारियों ने आवेदकों को समझाकर शांत किया।