जानसठ (मुजफ्फरनगर)। कस्बे में पारिवारिक कलह के चलते वृद्ध दंपती राजकुमार (65) व उनकी पत्नी गीता (63) ने जहरीला पदार्थ खा लिया। जिला अस्पताल में उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। दंपती की मौत से परिवार व मोहल्ले में शोक है। परिजनों ने शवों का पोस्टमार्टम नहीं कराया।
कस्बे की रामकृष्ण पुरम कॉलोनी निवासी राजकुमार कचहरी में पिछले कई वर्षों से खोखे में चाय बेचने का काम करते थे। फिलहाल वह बीमार चल रहे थे। जिस कारण उनका बड़ा पुत्र सोनू चाय की दुकान चलता है।
शुक्रवार की सुबह करीब 9 बजे पारिवारिक कलह के चलते राजकुमार और उनकी पत्नी गीता ने जहरीला पदार्थ खा लिया। जिससे दोनों की हालत बिगड़ गई। परिवार के लोग आनन फानन में दोनों को लेकर जिला अस्पताल में पहुंचे। जहां पर उपचार के दौरान दोनों की मौत हो गई। सूचना मिलने पर पुलिस जिला अस्पताल में पहुंची।
परिजनों ने पुलिस से पोस्टमार्टम कराने से इंकार कर दिया। पुलिस ने पंचनामा भरकर दोनों शवों को परिजनों को सुपुर्द कर दिया।
- उल्टी होने पर परिजनों का चला पता
जिस समय घटना हुई उस समय मृतक का बेटा सोनू अपनी चाय की दुकान पर चला था। घर पर उसकी पत्नी व बच्चे थे। जो दूसरे कमरे थे। राजकुमार व उनकी पत्नी एक कमरे में थे। जब दोनों को उल्टी लगनी शुरू हुई तो सोनू की पत्नी व बच्चे तुरंत वहां पहुंचे। उन्होंने सोनू को सूचना दी। इसके बाद दोनों को उपचार के लिए ले जाया गया।
- छोटे बेटे ने भी दस साल पूर्व की थी आत्महत्या
कचहरी में खोखे में चाय बेचने वाले चाय विक्रेता राजकुमार के छोटे पुत्र अविवाहित मोनू ने भी करीब 10 साल पूर्व पारिवारिक कलह के चलते जहरीला पदार्थ खाकर आत्महत्या कर ली थी। उस दौरान भी पूरा परिवार गम में डूब गया था।
- राजकुमार दो-तीन साल से बीमार चल रहा था
कचहरी में खोखे में बैठकर चाय बेचने वाला राजकुमार पिछले तीन-चार सालों से सांस का मरीज होने की वजह से बीमार चल रहा था। काफी बीमार होने की वजह से वह कचहरी में अपने चाय के खोखे पर भी नहीं जाता था। घर पर ही परिवार के लोग उसका इलाज करा रहे थे। पिता के बीमार होने पर बड़े बेटे सोनू ने चाय बेचने के काम की जिम्मेदारी संभाली थी। पिता और मां की मौत के बाद फिलहाल परिवार में बड़ा पुत्र सोनू उसकी पत्नी संतोष और एक पुत्र व दो पुत्रियां बचे हैं।
इन्होंने कहा-
सीओ जानसठ यतेंद्र सिंह नागर ने बताया कि जहरीला पदार्थ खाने से दंपती की मौत हुई है। परिजनों ने पोस्टमार्टम कराने से इनकार कर दिया। गणमान्य लोगों के कहने पर शव परिजनों को सौंप दिए गए।
जानसठ में दंपती की मौत होने पर घर के बाहर मौजूद लोग। स्रोतः संवाद