संवाद न्यूज एजेंसी
मुजफ्फरनगर। छत गिरने पर ध्वस्तीकरण के दो वर्ष बाद डीएम कार्यालय के दो मंजिला भवन के निर्माण का समय अब निकट आ गया है। तयशुदा नक्शे में कोई परिवर्तन न करते हुए डीएम कार्यालय का निर्माण एनआईसी वाले स्थान से शुरू करवाने की योजना है। इसका मूल उद्देश्य शिकायत और समस्याएं लेकर आने वाले फरियादियों को खुली जगह मिल सके, जिनसे उन्हें कोई असुविधा न हो।
कलक्ट्रेट स्थित डीएम कार्यालय के आगंतुक कक्ष की छत 27 अगस्त 2023 को अचानक भरभराकर गिर गई थी। इसके बाद जर्जर भवन त्यागकर डीएम और एडीएम वित्त एवं राजस्व ने अन्य भवनों में अपने कार्यालय बना लिए थे। भवन की स्थिति को लेकर तकनीकी विशेषज्ञ से जांच कराई गई थी। विशेषज्ञ की ओर से जर्जर बताए जाने पर पूरा भवन ही 26 अक्तूबर 2023 को ध्वस्त करा दिया गया था।
इसके बाद से डीएम और एडीएम वित्त एवं राजस्व अस्थाई कार्यालयों में ही कार्य कर रहे हैं। डीएम कार्यालय जहां जिला पंचायत के सभागार में चलाया जा रहा है, वहीं एडीएम वित्त एनआईसी कार्यालय में बैठकर कामकाज कर रहे हैं। कलक्ट्रेट में डीएम कार्यालय के 23 मीटर लंबे और 12 मीटर चौड़े दो मंजिला भवन निर्माण के लिए शासन की ओर से लोक निर्माण विभाग प्रांतीय खंड को 2.44 करोड़ रुपये की धनराशि प्राप्त हो चुकी है।
अवर अभियंता अरविंद कुमार ने बताया कि सहारनपुर की कंपनी के नाम निर्माण का ठेका छूटा है। पीडब्ल्यूडी अधीक्षण अभियंता सहारनपुर कार्यालय से कंपनी के नाम अनुबंध पत्र तैयार हो रहा है। अगले दो-तीन दिन में निर्माण कार्य प्रारंभ होने की उम्मीद है।
-प्रयास रहेगा कि लोगों को भी राहत मिल सके : डीएम
डीएम उमेश मिश्रा का कहना है कि डीएम कार्यालय के दुमंजिला भवन का निर्माण कार्य प्रारंभ होने वाला है। प्रयास है कि भवन के सामने खुला क्षेत्र भी हो। इसलिए विचार किया जा रहा है कि जर्जर हो चुकी एनआईसी बिल्डिंग वाले स्थान से ही निर्माण कार्य प्रारंभ कराया जाए, जिससे समस्या लेकर आने वाले लोगों को राहत भी मिले।