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विकास की बात: पर्यटन के नक्शे पर 30 करोड़ से चमकेगा शुकतीर्थ, मुख्य मार्गों पर दिखेंगी प्राचीन कला कृतियां

Thu, 14 Sep 2023 10:39 AM IST
Dimple Sirohi न्यूज डेस्क, अमर उजाला, मुजफ्फरनगर

सार

मुजफ्पुरनगर स्थित शुकतीर्थ के विकास के लिए प्रदेश के पर्यटन विभाग ने 30 करोड़ स्वीकृत किए हैं। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुकतीर्थ के दौरे पर इसे पयर्टन स्थल के रूप में विकसित करने की मांग की थी।
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शुकतीर्थ स्थित हनुमान मूर्ति - फोटो : Amar Ujala
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विस्तार
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प्रदेश के पर्यटन विभाग ने शुकतीर्थ के विकास के लिए 30 करोड़ स्वीकृत किए हैं। 2023-24 की योजना में बजट से होने वाले कार्यों को शामिल किया गया है। शुकतीर्थ में ट्रेड फैसिलिटी सेंटर और पार्किंग पर 13 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे। शुकतीर्थ के मुख्य मार्गों पर अब प्राचीन कला कृतियां दिखाई देगीं।  

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मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुकतीर्थ के दौरे के दौरान यहां के विकास की घोषणा की थी। सीएम की घोषणा के बाद शासन ने यहां विकास का खाका खींचने का काम किया है।  उत्तर प्रदेश के पर्यटन विभाग के उप निदेशक दिनेश कुमार ने पर्यटन अधिकारी मेरठ और डीएम अरविंद मल्लप्पा बंगारी को पत्र जारी किया है। 

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 शासन ने शुकतीर्थ की अलग-अलग विकास योजनाओं के लिए 30 करोड़ रुपये स्वीकृत किए हैं। शुकतीर्थ को पर्यटन के रूप में विकसित किया जाएगा।   

शुकतीर्थ में ट्रेड फैसिलिटी सेंटर और पार्किंग पर 13 करोड़ का खर्च किया जाएगा। तीर्थ के मुख्य मार्गो पर कला कृतियां बनाई जाएगी। लैंड स्केपिंग होगा और साइनेज का कार्य किया जाएगा। इन कार्यों पर तीन करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।  शुकतीर्थ के गंगा घाट को उच्च स्तरीय बनाया जाएगा।
 
 गंगा घाट के उच्चीकरण पर नौ करोड़ खर्च किया जाएगा। पूर्व में निर्मित पार्कों के जीर्णोंद्धार पर पांच करोड़ खर्च होगा। 
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लंबे समय से कर रहे थे मांग : ओमानंद
स्वामी ओमानंद ब्रह्मचारी ने कहा कि तीर्थ के विकास के लिए बजट की लंबे समय से मांग कर रहे थे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को पत्र भेजकर भी तीर्थ के विकास के लिए बजट की मांग की गई थी। सरकार ने पहल की है, इससे तीर्थ पर आने वाले यात्रियों को भी बड़ा लाभ मिलेगा।

परिवहन की सबसे बड़ी समस्या
तीर्थ पर आने वाले श्रद्धालुओं के लिए परिवहन की सबसे बड़ी समस्या है। जिला मुख्यालय से नियमित रूप से बसों का संचालन नहीं होता। रविवार को तीर्थ यात्री परेशानी उठाते हैं।

सोलानी नदी के जरिए लाए पानी
तीर्थ क्षेत्र में सोलानी नदी के जरिए गंगा की धारा भी लाई गई है। लंबे समय से इसकी मांग चली आ रही थी। यहां श्रद्धालुओं का आवागमन लगातार बढ़ रहा है।
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