देवेंद्र बोला, कोई एजेंट के चक्कर में मत फंस जाना
अपने गांव मारकपुर पहुंचे देवेंद्र ने कहा कि कोई भी एजेंट के चक्कर में मत फंस जाना। विदेश ले जाने के नाम पर ठगी करते हैं। मोटी कमाई का लालच दिया जाता है और सफर शुरू होते ही ब्लैकमेलिंग शुरू कर देते हैं। उन्हें गलत तरीके से फंसाकर ले जाया गया। वह अपने परिवार की आय बढ़ाने के लिए विदेश जाना चाहते थे।
पॉलीथिन पर सुलाए, कभी हीटर चला तो कभी एसी
अमेरिका से लौटे देवेंद्र विर्क ने कहा कि डिटेंशन सेंटर में बेहद खराब वक्त गुजरा। बिस्तर की जगह सफेद रंग की पॉलीथिन दी जाती थी। कभी हीटर चला देते थे तो कभी तेजी से एसी चलाते थे। खाने में सिर्फ चिप्स, चॉकलेट और घटिया खाना दिया गया। उनका 37 घंटे का सफर रहा। हवाई यात्रा के दौरान भी खाना नहीं दिया गया।