पुलिस ऑफिस पर धरना देते भूरा के परिजन।
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रहमानिया कालोनी के भूरा अपहरण एवं हत्याकांड में शव और बाइक बरामदगी को लेकर परिजनों एवं कालोनीवासियों ने सोमवार को एसएसपी दफ्तर पर धरना प्रदर्शन कर हंगामा किया। परिजनों की सीओ सिटी और शहर कोतवाल से नोकझोंक हुई। परिजनों ने दो दिनों में शव बरामद न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है। एसपी देहात ने जल्द न्याय दिलाने का आश्वासन देकर उन्हें शांत किया।
शहर कोतवाली क्षेत्र के शाहबुद्दीनपुर रोड स्थित रहमानिया कालोनी निवासी भूरा पुत्र जमील अहमद 29 जुलाई दोपहर को बाइक पर सवार होकर खतौली अपने उधार के रुपये लेने के लिए गया था। जब रात तक भूरा घर नहीं पहुंचा तो उसके परिजनों को चिन्ता हुई, उन्होंने उसका मोबाइल नंबर मिलाया तो वह बंद मिला। परिजनों ने 31 जुलाई को शहर कोतवाली पर उसकी गुमशुदगी दर्ज कराई थी।
उधर, बताया गया कि जिस व्यक्ति से वह रुपये लेने के लिए खतौली गया था, वह अपने पूरे परिवार के साथ घर में ताला लगाकर फरार हो गया था। बाद में पुलिस ने खतौली के शराफत कालोनी निवासी आरोपी युवक को हिरासत में लेकर पूछताछ की तो उसने पूरे मामले का पटाक्षेप कर दिया। पुलिस सूत्रों के अनुसार आरोपी ने पुलिस को बताया कि भूरा के उस पर करीब डेढ़ लाख रुपये उधार थे।
भूरा अपने रुपयों के लिए दबाव बना रहा था, जिसके चलते उसने भूरा की हत्या कर उसके शव को खतौली गंगनहर में फेंक दिया था तथा उसकी बाइक को भी खतौली में सुनसान स्थान पर लावारिस छोड़ दी थी। भूरा के परिजनों को उसकी हत्या होने का पता चला, तो उनके परिवार में कोहराम मच गया। सोमवार को परिजन मोहल्लेवासियों के साथ एसएसपी ऑफिस पहुंचे और शव की बरामदगी को लेकर हंगामा किया। हंगामे की सूचना पर सीओ सिटी डॉ तेजवीर सिंह और शहर कोतवाल चमन सिंह चावड़ा भी एसएसपी ऑफिस पहुंच गए। इस दौरान परिजनों की सीओ और कोतवाल के साथ तीखी झड़प हुई। परिजनों ने पुलिस को दो दिनों में शव बरामद न होने पर आंदोलन की चेतावनी दी है।