शामली। कलक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक में जिलाधिकारी अरविंद कुमार चौहान ने बिना सूचना अनुपस्थित रहने पर बेसिक शिक्षा अधिकारी का एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए। इसके साथ ही बैठक में स्वास्थ्य विभाग के विभिन्न कार्यक्रमों की समीक्षा करते हुए लापरवाही पर अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई गई।
कलक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी की अध्यक्षता में हुई बैठक में जिला कार्यक्रम प्रबंधक आशुतोष कुमार श्रीवास्तव ने स्वास्थ्य योजनाओं का प्रेजेंटेशन प्रस्तुत किया। जिलाधिकारी ने एजेंडा बिंदुओं के अनुसार समीक्षा करते हुए जिन योजनाओं में प्रगति असंतोषजनक पाई गई, उनमें तत्काल सुधार के निर्देश दिए। टीकाकरण कार्य की समीक्षा के दौरान एमओआईसी थानाभवन और कांधला में सुपरविजन संतोषजनक न पाए जाने पर कारण बताओ नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए तथा कार्य में सुधार न होने पर कड़ी कार्रवाई की चेतावनी दी गई।
वहीं, एमओआईसी कैराना द्वारा टीकाकरण में ‘नो वन कॉन्टेक्ट’ सुपरविजन में कमी पाए जाने पर एक माह का कार्य सुधार नोटिस जारी करने के निर्देश सीएमओ को दिए गए। सुधार न होने पर एमओआईसी पद से हटाने की भी चेतावनी दी गई।
पीसीपीएनडीटी कार्यक्रम के तहत जनपद स्तर पर नोडल अधिकारी द्वारा अब तक कोई कार्रवाई न किए जाने पर नोटिस जारी करने के निर्देश दिए गए। बैठक में यह भी सामने आया कि एक ऑप्टोमेट्रिस्ट की सेवा समाप्त होने के बाद भी पूर्व सीएमओ द्वारा उसे सेवा में बनाए रखा गया, जिस पर जिलाधिकारी ने संबंधित से आरसी जारी कर धनराशि वसूली के निर्देश दिए।
इसके अलावा कांधला क्षेत्र में जर्जर उपकेंद्रों की नीलामी के बाद भी ठेकेदार द्वारा नीलामी राशि जमा न कराने के मामले में थाना कांधला में एफआईआर दर्ज कराई गई है। इस पर प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए गए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार तिवारी, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. अनिल कुमार, सीएमएस डॉ. किशोर आहूजा, एसीएमओ अश्वनी शर्मा, डीआईओ डॉ. करन चौधरी व डीपीओ आदि मौजूद रहे।