मुजफ्फरनगर। जिले के अग्निशमन विभाग के नए भवन का निर्माण का कार्य एक बार फिर से अटक गया है। नए भवन में कर्मचारियों के आवासीय भवन की संख्या को लेकर विभागीय अधिकारियों व कार्यदाई संस्था में सहमति नहीं बन पा रही है। मुख्य अग्निशमन विभाग ने आवासों की संख्या बढ़ाने के लिए मुख्यालय को रिपोर्ट भेजी है।
वर्तमान में अग्निशमन विभाग का कार्यालय नगर में व्यस्ततम क्षेत्र झांसी की रानी के पास है। यहां विभागीय व कर्मचारियों के भी वाहन खड़े होते हैं। इन वाहनों को खड़ा करने के लिए पर्याप्त स्थान नही है। हादसा होने के बाद यहां से पानी से लदे टैंकरों को लेकर जाने में भी परेशानी होती है।
कई बार हादसे के बाद देर में टीम के पहुंचने पर उद्योग बंधुओं ने बैठक मेंं इस समस्या को उठाकर नए स्थान और बड़े क्षेत्र में कार्यालय बनाने की मांग उठाई थी, जिसके चलते नया भवन व कार्यालय नई मंडी कोतवाली क्षेत्र के गांव सहावली के जंगल में 4100 वर्ग गज भूमि पर बनाने की स्वीकृति मिली है। सिडको कंपनी को कार्यदाई संस्था नामित किया है।
नक्शे में आवास की कमी
उद्योग बंधुओं की मांग पर गांव सहावली के जंगल में 4100 वर्ग गज भूमि पर नया अग्निशमन कार्यालय बनाने की स्वीकृति मिली है। जो नक्शा बनाया गया है, उसमें कर्मचारियों के आवास कम है। इन आवासों की संख्या बढ़ाने को लेकर कार्रवाई संस्था व जिला स्तरीय विभागीय अधिकारियों में सहमति नही बन पा रही है। कार्यदाई संस्था ने स्वीकृति के हिसाब से आवास बनाने की बात कही है। आवासों की संख्या बढ़ाने के लिए जिला कार्यालय से मुख्यालय रिपोर्ट भेजी है। नए मुख्य कार्यालय में प्रशासनिक भवन बनेगा। अधिकारियों व कर्मचारियों के लिए आवास बनेंगे। पानी भरने के लिए आधुनिक टैंक बनेंगे व व्यवस्था होगी।
संसाधन व कर्मचारी बढ़ेंगे
नया मुख्य कार्यालय बनेगा तो कर्मचारी व संसाधन भी बढ़ेंगे। जिले में वर्तमान में एक सीएफओ, एक एफएसओ, एक दरोगा, नौ चालक, नौ लीडिंग फायरमैन, 44 फायरमैन तैनात हैं। पांच बड़े टैंकर व दो छोटे तथा दो इमरजेंसी मोटर बाइक है जबकि जिला मुख्यालय पर दो एफएसओ, दो एफएफएसओ, दस लिडिंग फायरमैन, दस चालकों की वर्तमान में आवश्यकता है।
इन्होंने कहा
नया भवन बनेगा तो कर्मचारियों व संसाधनों में भी बढ़ोत्तरी होगी। इसलिए नए भवन में कर्मचारियों के आवासों की संख्या बढ़ाने की मांग की गई है। मुख्यालय को पत्र भेजा गया है- अनुराग कुमार, सीएफओ, अग्निशमन विभाग मुजफ्फरनगर।