उन्होंने कहा कि पांच सितंबर की महापंचायत मुजफ्फरनगर की धरती पर ऐतिहासिक पंचायत होगी। हमने 35 साल के किसान यूनियन के अनुभव को देखते हुए यह माना है कि यह सरकार और सभी सरकारों के मुकाबले सबसे जिद्दी और अड़ियल सरकार है, अगर यह सरकार नहीं बदली गई तो आने वाले भविष्य में किसान बिरादरी ही समाप्त हो जाएगी। हमें आपस के सभी मतभेद भुलाकर इस महापंचायत के लिए सभी को तैयार करना है।
मुजफ्फरनगर की इस महापंचायत से चुनावी बिगुल का आगाज होगा। हमें अपने काम धंधे के साथ-साथ एक निगाह अपनी खेती पर और दूसरी इस आंदोलन पर रखनी है, इस आंदोलन को हमें चलाना है। इस आंदोलन में सभी प्रकार के सहयोग की आवश्यकता होगी जो सभी किसान मिलजुल कर अपनी इच्छा अनुसार देंगे और आंदोलन को सफल बनाने का काम करेंगे।
चौधरी नरेश टिकैत ने पंचायत में कहा कि अब की बार हम हम उस पार्टी विधायक का समर्थन करेंगे जिससे हम जरूरत पड़ने पर जब चाहे जब पंचायत में इस्तीफा मांग सके, अगर वह किसान हित में कार्य नहीं कर रहा है।
उन्होंने कहा कि हमारे बीच जो जयचंद है, उनका भी इलाज किया जाएगा। चौधरी नरेश टिकैत ने बागपत के मौजिजाबाद नांगल के प्रधान विजेंद्र की गिरफ्तारी के विरोध में 23 जुलाई को बड़ौत तहसील के पुसार गांव में पंचायत का एलान किया।
राष्ट्रीय महासचिव चौधरी युद्धवीर सिंह ने कहा कि आठ महीने से आंदोलन चल रहा है। किसान अपनी मांगों को मनवाने के लिए बराबर आंदोलन कर रहा है। हम तो रामराम वाले हैं और यह सरकार जय श्रीराम वाली हैं, उनसे हमे बच के रहना है क्योंकि यह श्रीराम वाले व्यापारी हैं यह किसान हितेषी और देश हितेषी नहीं हो सकते। उन्होंने कहा कि मुजफ्फरनगर की धरती एक क्रांति की धरती है, इसलिए संयुक्त मोर्चे ने मुजफ्फरनगर को ही महापंचायत के लिए चुना है।
देश खाप के चौधरी सुरेंद्र सिंह ने पांच सितंबर की महापंचायत को पूरा समर्थन दिया है। उन्होंने कहा कि सरकार के पैर उखड़े हुए है, ऐसा मौका बार-बार नहीं मिलते, इसलिए संगठित रहकर इस सरकार के खिलाफ आंदोलन को ओर तेज करें। पंचायत में आये हुए खाप चौधरियों ने भी महापंचायत को पूरा समर्थन दिया है।
पंचायत में मुख्य रूप से देश खाप के चौधरी सुरेंद्र सिंह, काल खंडे खाप के संजय सिंह, लाटियान खाप वीरेंद्र सिंह , बत्तीसा खाप के सोकेंद्र सिंह, सीताराम मलिक थंबेदार, किसान संयुक्त मोर्चा के सदस्य अवतार सिंह, पूर्व जिला अध्यक्ष धीरज लाठियान आदि मौजूद रहे। अध्यक्षता ओम प्रकाश शर्मा व संचालन विकास शर्मा ने किया।
सहायता राशि दी
बुढाना ब्लॉक ने पंचायत में 151000 रुपए की सहायता राशि किसान आंदोलन को भेंट की। इससे पहले भी 205000, राशि बघरा ब्लॉक से ओर 225000 की राशि शाहपुर ब्लॉक से किसान आंदोलन में दूध के लिए दी गई है।