मुजफ्फरनगर। खेल, शिक्षा और नौकरी समेत विभिन्न क्षेत्रों में बाजी मार रहीं बेटियां, टीकाकरण कराने में भी पीछे नहीं हैं। 12 से 14 साल के बच्चों में बेटियों की सहभागिता भी पूरी है। अब तक हुए करीब 21 प्रतिशत टीकाकरण में लड़कियों की संख्या 11 प्रतिशत मानी जा रही रही है।
जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डॉ. शरण सिंह बताते हैं कि बच्चों में खूब उत्साह है, लेकिन बेटियों बहुत जागरूक हुई हैं। अभिभावकों को लेकर टीकाकरण केंद्रों पर पहुंच रही हैं। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. महावीर सिंह फौजदार बताते हैं कि सिर्फ शहर के सेंटरों या स्कूलों में नहीं, बल्कि देहात क्षेत्र में भी छात्राओं ने उत्साह दिखाया है। पहले 15 से 18 और 12 से 14 साल के आयु वर्ग में लड़कियां उत्साह से टीके लगवा रही हैं।
टीका सुरक्षा है, इससे कैसा घबराना
साकेत कॉलोनी की तेजस्वी जिला अस्पताल के आयुष विभाग में टीकाकरण कराने पहुंची। छात्रा का कहना है कि टीका तो सुरक्षा के लिए है, इससे कैसा घबराना। कोई नुकसान नहीं है। जो जहां है, वहीं के स्वास्थ्य केंद्र पर टीकाकरण कराने से सुरक्षित होगा।
इस टीके से कोई नुकसान नहीं
टीका लगवाने पहुंची सलौनी जैन का कहना है कि वैक्सीनेशन जरूरी है। सरकार ने रिसर्च के बाद ही टीके को मंजूरी दी है, इससे किसी तरह का नुकसान तो नहीं होगा। सुरक्षा चक्र के लिए सबको टीकाकरण करा लेना चाहिए।
टीके से बढ़ा आत्मविश्वास
खतौली सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर टीकाकरण कराने पहुंची मेघा सैनी और मीनाक्षी का कहना है कि टीके से उनका आत्मविश्वास बढ़ा है। अब वह दूसरी डोज का इंतजार करेंगी और समय पूरा होते ही टीकाकरण पूरा कराएंगी।
एक लाख 17 हजार 555 का लक्ष्य
सीएमओ डॉ. महावीर सिंह फौजदार ने बताया कि 12 से 14 साल के एक लाख 17 हजार 555 बच्चों के टीकाकरण का लक्ष्य है। अब तक पहली डोज करीब 28 हजार बच्चों को लग चुकी है।