फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

भारी बरसात-तेज आंधी का कहर:

विज्ञापन
विज्ञापन
ओएचई लाइन पर पेड़ गिरा, रेल संचालन दो घंटे रहा ठप
विज्ञापन

मुजफ्फरनगर। रविवार देर रात भारी बरसात के साथ आए तेज तूफान ने रेल संचालन भी ठप कर दिया। सरवट फाटक के पास यूकेलिप्टस का पेड़ रेलवे की ओएचई लाइन पर जा गिरा, जिससे दो घंटे तक ट्रेनों के पहिए थम गए। जो ट्रेन जहां थी, वहीं खड़ी रही। ओएचएफ वैन से रात में ही पेड़ हटवा कर ट्रेनों का संचालन शुरू कराया गया।
रविवार रात इस सीजन की भारी बरसात हुई। मौसम विभाग ने रिकार्ड तोड़ 65.6 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की। रात करीब साढ़े दस बजे बरसात के दौरान तेज आंधी भी आई, जिससे लोगों के टीन टप्पर, होर्डिंग्स आदि उड़ गए। इसी दौरान सरवट रेलवे फाटक के निकट एक यूकेलिप्टस का बड़ा पेड़ उखड़कर रेल की विद्युत लाइन (ओएचई वायर) पर जा गिरा। अचानक गिरे पेड़ से ओएचई वायर की विद्युत आपूर्ति बंद हो गई, जिससे मेरठ से लेकर टपरी तक तमाम ट्रेन जमा की तहां खड़ी हो गई। अचानक ट्रेनों का संचालन बंद होने से रेलवे विभाग में हड़कंप मच गया। अधिकारी विद्युत आपूर्ति बंद होने का कारण जानने को जुट गए। इसी बीच रेलवे लाइन पर पेड़ गिरने की सूचना लोगों ने सिविल लाइन पुलिस को दी। सूचना पर सिविल लाइन इंस्पेक्टर जीसी शर्मा मौके पर पहुंचे और पेड़ पड़ा होने की सूचना रेलवे अधिकारियों को दी। अधिकारी बरसात में ही मौके पर पहुंचे। रेल संचालन बंद होने का कारण सरवट फाटक के पास ओएचई वायर पर पेड़ गिरने की जानकारी कंट्रोल रूम को दी। स्टेशन से ओएचएफ वैन मंगलवार को पेड़ को हटवा कर तारों को सही किया गया। इसके बाद रात्रि पौन बजे रेलों का संचालन शुरू हुआ। इस दौरान सहारनपुर पैसेंजर सकौती स्टेशन पर और एक मालगाड़ी मंसूरपुर-नरा के बीच खड़ी रही। स्टेशन अधीक्षक विपिन कुमार त्यागी ने बताया कि स्थानीय स्टेशन पर कोई गाड़ी खड़ी नहीं थी। विद्युत तारों पर पेड़ गिरने के कारण करीब दो घंटे तक रेल संचालन बाधित रहा।
विज्ञापन
विज्ञापन

शहर की आपूर्ति ठप
मुजफ्फरनगर। रविवार रात को आए बारिश और तूफान से बिजली विभाग को भी करीब तीन लाख की क्षति पहुंची है। हाईटेंशन लाइनों पर पेड़ गिरने के कारण बीते 24 घंटे से आधे शहर से अधिक इलाकों की आपूर्ति ठप है। रात में तूफान के दौरान जौली बिजलीघर की ट्रांसमिशन लाइन पर पेड़ गिर गया, जिससे सुरेंद्रनगर की फीडर ठप हो गया। इस कारण सुरेंद्र नगर, अलमासपुर, कूकड़ा, नवीन मंडी, अमित विहार आदि इलाकों की बिजली आपूर्ति रविवार रात से ही ठप पड़ी है। बिजली न आने के कारण नागरिकों के समक्ष पेयजल का संकट भी खड़ा हो गया है। बिजली-पानी न मिलने से नागरिक हलकान है। इधर, शहर में भोपा रोड स्थिति बिजलीघर का ब्रेकर बरसात के दौरान फट गया, जिससे आपूर्ति ठप हो गई। इस ब्रेकर को ठीक करने के लिए शहर के टाउन हाल और नुमायश कैंप बिजलीघरों की आपूर्ति को भी रोक देना पड़ा। शामली रोड बिजलीघर इलाके को छोड़कर बाकी पूरे शहर की बिजली आपूर्ति ठप है। नगर विद्युत वितरण खंड के एक्सईएन अवनीश कुमार ने बताया कि तूफान के कारण शहर की बिजली आपूर्ति बाधित हुई है। विभाग को करीब तीन लाख की क्षति पहुंची है। पेड़ गिरने से आई यांत्रिकी खराबी को ठीक कराया जा रहा है। देर रात तक आपूर्ति बहाल होने की उम्मीद है।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें