मुजफ्फरनगर। राष्ट्रीय विज्ञान दिवस के अवसर पर दो दिवसीय विज्ञान महोत्सव का आयोजन किया गया। इस अवसर पर ईको बिन बनाने वाले कुम्हारों को सम्मानित किया गया। विज्ञान के क्षेत्र में विशेष रुचि रखने वाले शिक्षकों का सम्मान हुआ। विज्ञान महोत्सव में डीएम ने कहा कि विद्यालयों के छात्र-छात्रा विज्ञान दूत का काम करें। समाज में विज्ञान के प्रति जागृति में विशेष भूमिका निभाए।
जानसठ रोड स्थित लाला जगदीश प्रसाद इंटर कॉलेज में विज्ञान क्लब द्वारा आयोजित कार्यक्रम में डीएम राजीव शर्मा ने विशेष प्रकार के मिट्टी के बनाए गए डस्टबीन का यानी ईको बिन का लोकार्पण किया। उन्होंने कहा कि ईको बिन द्वारा घर या ऑफिस के गीले, ऑर्गेनिक कचरे सब्जी, फल आदि के छिलके से आर्गेनिक खाद आसानी से बनाई जा सकती है, जिसका उपयोग हम घर के बगीचे में कर सकते हैं। प्रत्येक छात्र-छात्रा को विज्ञान दूत बनाया जाए ताकि ये विज्ञान दूत समाज को जागरूक कर सकें। डीआईओएस मुनेश कुमार ने कहा कि विज्ञान क्लब द्वारा जिले के सभी ब्लॉको में कार्यक्रम कर लोगों को विज्ञान के प्रति जागरूक किया जा रहा है। जिला विज्ञान समन्वयक डॉ विकास कुमार विज्ञान क्लब के उद्देश्य और कार्यों के बारे में बताया।
डीएम राजीव शर्मा ने ईको बिन उपकरण को बनाने वाले कुम्हारों सतपाल सिंह और फूलसिंह को प्रोत्साहन राशि देकर सम्मानित किया। राजकमल वर्मा, भूपेंद्र कुमार, दिनेश कुमार, रेनू सिंह, निशा तायल आदि विज्ञान अध्यापकों को भी स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया गया। डीएम ने जिले के हाईस्कूल और इंटरमीडिएट के 21 मेधावी छात्र-छात्राओं को भी स्मृति चिह्न देकर उनके प्रयासों की प्रशंसा की। सेवानिवृत्त प्रधानाचार्य भूदेव सिंह, प्रहलाद सिंह, कुसुम त्यागी, निरूपमा शर्मा सहित 12 प्रधानाचार्यों ने वैज्ञानिक व्याख्यान दिया। भारतीय शिक्षा समिति पउप्र के मंत्री अरुण खंडेलवाल ने भी विचार व्यक्त किए। प्रबंधक विनोद कुमार मित्तल ने आभार जताया। संचालन महेश चौहान ने किया। विद्यालय अध्यक्ष सुभाष चंद गुप्ता, विद्यालय प्रधानाचार्य सतीश उपाध्याय, डॉ केजी अरोरा आदि रहे।
70 स्कूलों के बच्चों ने भाग दिया
कार्यक्रम में दव्याख्यान, पोस्टर, निबंध, मॉडल, प्रश्नोत्तरी, विज्ञान नाटिका आदि की प्रस्तुति हुई। जिले के 70 विद्यालयों के 800 से अधिक छात्र-छात्राओं ने प्रतिभाग किया। विभिन्न विद्यालयों के के बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी।