शिक्षकों ने दिया तीन दिन का अल्टीमेटम
मुजफ्फरनगर। बेसिक शिक्षा विभाग में दलित समुदाय के शिक्षकों का प्रमोशन रोकने और उनके वेतन फ्रीज करने का मामला तूल पकड़ रहा है। शिक्षकों ने विभाग पर भेदभाव से कार्य करने के आरोप लगाए हैं। इसको लेकर बीएसए कार्यालय पर हंगामा-प्रदर्शन किया गया। शिक्षकों ने तीन दिन का अल्टीमेटम देकर समस्या के समाधान का बिगुल फूंका है। इससे विभागीय अधिकारियों के भी हाथ-पांव फूल गए हैं।
बेसिक शिक्षा विभाग में एससी-एसटी वर्ग के शिक्षकों का विभाग ने पहले प्रमोशन कर दिया, लेकिन बाद में इस आदेश को निरस्त कर दिया गया है। प्रमोशन के लिए दोबारा से आदेश निर्गत किए गए हैं। वहीं, इन शिक्षकों के वेतन को भी फ्रीज करने की कार्रवाई की जा रही है। इससे एससी-एसटी वर्ग के शिक्षकों में आक्रोश फैल गया। मामला डीएम दरबार तक पहुंच गया है। हालांकि अभी तक विभागीय स्तर पर मामले पर रुख साफ नहीं किया जा सका है। इससे शिक्षक अधिक परेशान है। शुक्रवार को दर्जनों शिक्षकों ने एकत्र होकर एससी-एसटी बेसिक टीचर्स एसोसिएशन के तत्वावधान में बीएसए कार्यालय पर हंगामा-प्रदर्शन किया। शिक्षकों ने विभाग पर भेदभावपूर्ण रवैये से कार्य करने के आरोप लगाए। इसके बाद विभाग को तीन दिन का अल्टीमेटम दिया गया है। निर्धारित दिनों में विभाग ने शिक्षकों की समस्या का समाधान न किया तो आंदोलन के साथ आमरण अनशन किया जाएगा। शिक्षकों में बढ़ रहे आक्रोश से विभाग में भी परेशान है। इस दौरान जिलाध्यक्ष राजकुमार, राम कुमार, नाथीराम, सुभाषचंद, प्रेमपाल सिंह, सीताराम, संजीव, मनोहर लाल, राजेंद्र कुमार, अजय, संदीप, गौतम, अशोक कुमार, संतोष, अमरीश चंद्रा, कमल किशोर आदि मौजूद रहे।