पोस्टमार्टम की वीडियोग्राफी नहीं होने पर नाराज हुए एडीजी
मुजफ्फरनगर। एडीजी रेलवे विजय कुमार मौर्य ने जटमुझेडा में पोस्टमार्टम हाउस पर पहुंचकर मृतकों के परिजनों से बातचीत की और स्थितियों के बारे में जानकारी ली। एडीजी ने शवों का पोस्टमार्टम करते वक्त वीडियोग्राफी नहीं किए जाने पर नाराजगी व्यक्त की। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रत्येक मृतक की डीएनए रिपोर्ट के साथ फोटो और बॉडी सौंपते हुए फोटो होना चाहिए। मौके पर रेल अधिकारियों के नहीं होने पर भी नाराजगी जताई।
रविवार को एडीजी रेलवे बीके मौर्य पोस्टमार्टम हाउस पर पहुंचकर स्थितियों के बारे में जानकारी ली।वहां मौजूद मृतकों के परिजनों ने उनसे शव के लिए एंबुलेंस की व्यवस्था नहीं कराए जाने की शिकायत की। उन्होंने वहां मौजूद सीओ मंडी मणिलाल पाटीदार और एसडीएम शीतल प्रसाद गुप्ता से पूछा कि क्या रेलवे का कोई अधिकारी यहां नहीं आया। इंकार करने पर मौर्य ने हैरानी जताई। उन्होंने पीड़ित परिजनों को आश्वासन दिया कि शव को उनके घर तक पहुंचाने की व्यवस्था प्रशासन करेगा। इसके बाद उन्होंने पोस्टमार्टम की कार्यप्रणाली को देखा। पीएम कर रहे डॉक्टरों से पूछा कि क्या उन्होंने पोस्टमार्टम की प्रक्रिया की वीडियोग्राफी कराई है। इस पर ना में जवाब मिलने पर नाराजगी व्यक्त की। कहा कि सभी मृतकों की डीएनए रिपोर्ट होनी चाहिए। उनके ऐसे फोटो हो, जिससे उनके परिजन पहचान सके। इसी के साथ शव को सुपुर्द करते हुए फोटोग्राफ होना चाहिए। जिन लोगों को शव सौंपा जा रहा है, उनकी कुछ पहचान आधार कार्ड, पहचान पत्र आदि की फोटो प्रति होनी चाहिए।