बांसुरी की तान पर मंत्रमुग्ध हो गए श्रोता
मुजफ्फरनगर। विश्वविख्यात बांसुरी वादक पंडित रोनू मजूमदार ने बांसुरी की ऐसी तान सुनाई की श्रोता मंत्रमुग्ध हो गए। उन्होंने शास्त्रीय संगीत की विविध छटाएं बिखेरी। छात्र-छात्राओं ने उत्सुकता के कारण उनसे प्रश्न किए तो मजूमदार ने बड़े ही सरल तरीके से उत्तर दिए।
स्पिक मैके की विरासत-2018 श्रृंखला के अंतर्गत भोपा रोड स्थित एसडी पब्लिक स्कूल में बांसुरी वादन का कार्यक्रम हुआ। ग्रैमी अवार्ड के लिए नामित विश्वप्रसिद्ध बांसुरी वादक पंडित रोनू मजूमदार ने शुभारंभ प्रात:कालीन राग मंगल भैरव से किया। मंगल भैरव राग के सूक्ष्म से आलाप से ही उन्होंने श्रोताओं को अपने जादू में बांध लिया। इस दौरान अधिकतर श्रोता आंख बंद किए संगीत के आनंद रस में डूबे रहे। आलाप के उपरांत उन्होंने तीन ताल में निबद्ध एक सुंदर रचना प्रस्तुत की। पंडित जी के साथ पंडित दुर्जय भौमिक ने तबले पर व उनके शिष्य कल्पेश ने बांसुरी पर बखूबी संगत दी। उन्होंने राग जय जयवंती में ठुमक चलत रामचंद्र बाजत पैंजनियां में भक्तिरस की छटा बिखेरी, तो सारे जहां से अच्छा हिन्दोस्तां हमारा सुनकर देशभक्ति के रस का संचार किया। उन्होंने बच्चों को बताया कि मशहूर शायर मोहम्मद इकबाल के लिखे इस तराने को उनके दादागुरु एवं भारतरत्न पंडित रविशंकर ने राग पीलू के संगीत से सजाया था। उन्होंने बच्चों को अपने साथ गाने के लिए प्रेरित किया और उनके द्वारा पूछे गए सवालों का भी जवाब दिया। इससे पूर्व, दीप प्रज्वलन प्रधानाचार्या चंचल सक्सेना, आरएम तिवारी तथा कलाकारों ने किया। डॉ अशोक कुमार ने कलाकारों का अभिनंदन किया। संचालन विदुषी और उपासना ने किया। नीलम महाना, एसडी जूनियर की इंचार्ज रेनू गोयल, मृदुला मित्तल, डॉ एनएन पंत, विपिन जैन, मीनू गोयल, सोनल तिवारी आदि मौजूद रहे। राहुल, सागर, हर्ष, गोविंद आदि का सहयोग रहा।