अजादार वहीं होते हैं जो जिम्मेदार होते हैं
मोरना (मुजफ्फरनगर)।
मुहर्रम माह में शिया समाज की ओर से हुसैनी मजलिसों का आयोजन विभिन्न इमामबाड़ों में किया जा रहा है। मोरना, बेलड़ा, जौली, ककरौली, तिस्सा स्थित इमामबाड़ों में मजलिसों का दौर देर रात्रि तक जारी रहता है।
मोरना स्थित इमामबाड़ा गढ़ी में आयोजित हुसैनी मजलिस में शिया समाज के अनुयायी पैगंबर इस्लाम के नाती हजरत इमाम हुसैन की जिंदगी व इस्लामी शरीयत पर विस्तार से प्रकाश डाला गया। मजलिस मौलाना रोशन अब्बास ने कहा कि सच्चे अजादार वही होते हैं, जो जिम्मेदार होते हैं। प्रत्येक मनुष्य पर अनेकों जिम्मेदारी ईश्वर ने दी। अगर इंसान जिम्मेदारियों से दूर भागता है, तो वह सामाजिक नहीं हो सकता। इसके अलावा ग्राम ककरौली स्थित इमामबाड़ा हासकुंड में आयोजित मजलिस को मौलाना जिनान असगर ने संबोधित किया। ग्राम जौली में इमामबाड़ा मेहंदी रजा ग्राम बेलड़ा में इमामबाडा वाजिद अली में मजलिसों का आयोजन हो रहा है।