सहारनपुर। यातायात पुलिस की रिपोर्ट पर संभागीय परिवहन विभाग ने 11,500 वाहनों को ब्लैकलिस्ट कर दिया है। इनमें 80 फीसदी स्कूटी और बाइक शामिल हैं। इन वाहनों पर लंबे समय से पांच या उससे अधिक चालान लंबित थे। कई वाहन ऐसे हैं, जिनका 20 बार चालान हुआ। अब इन वाहनों का प्रदूषण, बीमा नहीं होगा।
यातायात पुलिस चालान करती रहती है, लेकिन दस से बीस फीसदी वाहन मालिक ही जुर्माना भरते हैं। अभी करीब साढ़े तीन लाख चालान लंबित पड़े हैं। ऐसे में यातायात पुलिस ने पांच या उससे अधिक चालान वाले वाहनों का विवरण जुटाया था। पिछले दिनों यातायात पुलिस ने पहले चरण में 11,500 वाहनों की सूची बनाकर संभागीय परिवहन विभाग को भेजी। इसमें 25 से अधिक वाहन ऐसे थे, जिनके 20 से अधिक चालान हुए। 80 फीसदी बाइक, स्कूटी और 20 फीसदी में ऑटो व ई-रिक्शा शामिल हैं। संभागीय निरीक्षक रोहित कुमार सिंह ने बताया कि जिन वाहनों की सूची यातायात पुलिस की तरफ से आई थी, उन वाहनों को ब्लैकलिस्ट कर दिया है। अब इन वाहनों का न प्रदूषण होगा और न ही बीमा। यह वाहन ट्रांसफर भी नहीं किए जाएंगे। सड़कों पर दौड़ते मिले तो सीज होंगे।
हर महीने चालान की लिस्ट भेज रही यातायात पुलिस
एसपी यातायात शैलेंद्र कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि यातायात नियम तोड़ने पर हर महीने 20 हजार से अधिक चालान किए जाते हैं। नवंबर माह में ही 30 हजार चालान हुए थे। पांच या उससे अधिक चालान होने वाले वाहनों की सूची बनाकर हर महीने संभागीय परिवहन विभाग को भेजी जाती है ताकि उन वाहनों पर समय से कार्रवाई हो सके।
चालान को नजरअंदाज करने वालों की सूची हो रही तैयार
यातायात नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ यातायात पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। इसमें आरटीओ की भी मदद ली जा रही है। यातायात व आरटीओ के अधिकारियों का कहना है कि जो वाहन मालिक जुर्माना चुकाएंगे वह कार्रवाई से बच सकेंगे। जो भी चालान को नजरअंदाज करेगा तो उनकी सूची तैयार की जा रही है। ऐसे वाहनों का पंजीकरण निलंबित किया जाएगा।