सपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मुलायम सिंह यादव ने कहा कि उन्होंने धोखे में आकर कांग्रेस का साथ दे दिया। साथ ही, यह भी कहा कि गुजरात के मुख्यमंत्री नरेंद्र मोदी प्रदेश में उनका कोई असर नहीं पड़ने वाला।
उनके मुताबिक मोदी सिर्फ कुछ अखबारों के लिए चमत्कारिक नेता है। तीसरे मोर्चे की संभावनाओं के बारे में पूछे जाने पर सपा मुखिया ने कहा कि तीसरे मोर्चे का गठन कभी चुनाव से पहले नहीं हुआ।
हमेशा चुनाव बाद ही तीसरा मोर्चा अस्तित्व में आता रहा है। इस बार भी आएगा। भाजपा व कांग्रेस नेतृत्व वाले गठनबंधनों को बहुमत नहीं मिलने वाला।
धोखे में आकर दिया कांग्रेस का साथ
सपा मुखिया ने कहा कि वह कांग्रेस का समर्थन नहीं कर रहे हैं। वह संप्रग में भी नहीं है। परमाणु करार पर तो उन्होंने धोखे में आकर कांग्रेस के साथ दे दिया था। सपा मुखिया के अनुसार, कांग्रेस ने उनसे कहा था कि देश में यूरेनियम नहीं है।
यूरेनियम हासिल करना जरूरी है। जिससे देश को बिजली के संकट से निजात दिलाई जा सके और एटम बम बनाया जा सके। मुलायम के अनुसार, उन्होंने इसकी तस्दीक के लिए पूर्व राष्ट्रपति ए.पी.जे. अब्दुल कलाम से बात की।
उन्होंने जब कहा कि देश में यूरेनियम न होने की बात सही है। तब हमने सरकार का लोकसभा में साथ दिया। पर, न यूरेनियम आया और बिजली की कमी दूर हुई और न एटम बम ही बना।
इस चुनाव में कांग्रेस को इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा। कहा कि उनका मकसद कांग्रेस की सरकार बचाना नहीं बल्कि सांप्रदायिक शक्तियों को रोकना है।
मोदी पर मुलायम
मुलायम ने कहा कि यह उत्तर प्रदेश है। मोदी यहां कुछ नहीं कर पाएंगे। उनको लेकर बहुत फिक्र करने की जरूरत नहीं है। वह जब आएंगे तब देखेंगे। अगर वह तहजीब बिगाड़ने की कोशिश करेंगे तब उनकी चिंता करेंगे।
मोदी का कुछ मतलब नहीं है। सिर्फ कुछ अखबार ही मोदी-मोदी कर रहे हैं। कर्नाटक में क्या हुआ। मोदी वहीं पड़े रहे और भाजपा की सरकार चली गई। भाजपा बुरी तरह चुनाव भी हार गई। यूपी भी मोदी को यही सबक सिखाएगा।