करीब डेढ़ महीने बाद सोमवार से सभी बोर्ड के स्कूल खुल गए। इसके लिए प्रधानाचार्यों ने परिसर और कक्षाओं की साफ-सफाई करवाने के साथ पढ़ाई की रणनीति बनवाई तो वहीं अभिभावकों ने भी सुबह से बच्चों को स्कूल भेजने की तैयारी की।
जीजी हिंदू इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य डॉ. कुलदीप बरनवाल ने बताया कि सत्र एक अप्रैल से शुरू हो चुका है। बच्चों का नई ऊर्जा के साथ पुन: स्वागत करेंगे। इससे बच्चों को नयापन महसूस हो।
शासन द्वारा निर्धारित किए गए पाठ्यक्रम के हिसाब से पढ़ाई करवाएंगे। इसके अलावा अभी तक थ्योरी के हिसाब से पढ़ाई करवाते थे। अब प्रोजेक्टर के माध्यम से प्रयोगात्मक कार्य करवाएंगे।
खासकर भूगोल और विज्ञान विषय को रुचिकर बनाने के लिए नए प्रयास करेंगे। इंटरमीडिएट के विद्यार्थियों को उनकी रुचि के हिसाब से कॅरिअर निर्धारित करने के लिए कार्यशालाओं का आयोजन करवाएंगे।
पारकर इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य एसके नेथन ने बताया कि स्मार्ट क्लास के माध्यम के बच्चों को पढ़ाई करवाई जाएगी। इसके लिए सप्ताह में दिन निर्धारित कर दिए हैं। हॉकी में प्रेरित करेंगे।
पिछली बार करीब छह बच्चों ने प्रदेश स्तर पर प्रतिभाग किया था। प्रदेश स्तर पर संख्या बढ़ाने के साथ राष्ट्रीय स्तर पर एक-दो खिलाड़ियों के चयन का लक्ष्य रखा है।
विज्ञान मॉडल प्रदर्शनी के लिए विद्यालय स्तर पर प्रतियोगिता करवाएंगे। ताकि श्रेष्ठ मॉडल का चयन कर जिला स्तर पर विद्यालय का अच्छे तरीके से प्रतिभाग हो सके।