मुरादाबाद। मायानगर सहकारी समिति की जमीन का तीन माह बाद भी ऑडिट नहीं हो सका है। आवास विभाग के अपर आयुक्त ने ऑडिट के बाद जमीन हड़पने वालों के खिलाफ एफआईआर कराने के निर्देश दिए हैं।
अपर आयुक्त आवास के निर्देश पर डीएम ने मायानगर सहकारी आवास समिति की जमीन के ऑडिट की जिम्मेदारी एडीएम प्रशासन के नेतृत्व में गठित टीम को दी थी। टीम ने काम करना शुरू किया। इस बीच एसआईआर अभियान की वजह से ऑडिट का काम धीमा पड़ गया। टीम में शामिल अधिकारियों का कहना है कि अब जमीन ऑडिट का काम तेज किया जाएगा। ऑडिट के आधार पर ही एफआईआर की कार्रवाई की जाएगी।
घोटाले के मामले में सिटी मजिस्ट्रेट ने मायानगर आवास समिति की एक खुली बैठक बृहस्पतिवार को बुलाई थी। बैठक में 132 लोगों ने अपने कागजात सौंपे हैं। आरोप लगाया कि रजिस्ट्री के बावजूद उनको जमीन नहीं मिल सकी। इस बारे में सिटी मजिस्ट्रेट विनय पांडेय का कहना है कि अभी कुछ और लोग अपने कागजात प्रस्तुत करेंगे।
नियमानुसार समिति के मूल सदस्यों को ही फ्लैट दिए जाएंगे। इस मामले में नियम बनाया जाएगा। अभी जमीन के बारे में निर्णय उच्चाधिकारियों से वार्ता के बाद लिया जाएगा। सिटी मजिस्ट्रेट के आश्वासन पर वर्षों से रजिस्ट्री कराए लोगों के अंदर एक उम्मीद जगी है।