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शहर के चप्पे, चप्पे पर होगी तीसरी आंख की नजर

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मुरादाबाद। स्मार्ट सिटी योजना के सबसे अहम प्रोजेक्ट कंट्रोल कमांड सेंटर का 200 करोड़ रुपये का टेंडर एल एंड टी कंपनी को दिया गया है। नोडल अफसर का दावा है कि एक साल में यह कार्य हो जाएगा। इस टेंडर के अंतर्गत शहर में 260 उच्च क्षमता वाले सीसीटीवी कैमरा लगाए जाएंगे। जो शहर की हर गतिविधि पर नजर रखेंगे।
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सीसी टीवी कैमरों में 60 दिन तक की गतिविधियां कैद रहेंगी। कंट्रोल रूम में लगे डिस्प्ले पर शहर के किसी भी क्षेत्र की गतिविधि को देखा जा सकेगा। इन कैमरों में लगे सेंसर सड़क से गुजरने वाले हाईस्पीड वाहनों की तस्वीर खुद खींच लेंगे और कुछ ही देर में वाहन स्वामी के पंजीकृत मोबाइल नंबर पर ई-चालान कट कर पहुंच जाएगा। कमोबेश यही स्थिति बिना हेलमेट, सीटबेल्ट, गलत दिशा में वाहन चलाने वालों के साथ रहेगी। यातायात नियंत्रण के लिए शहर के 30 प्रमुख चौराहों पर ट्रैफिक सिग्नल भी लगेंगे। शहर के तीस प्रमुख चौराहों पर पैनिक बटन भी लगाए जाएंगे। जिसके दबाते ही चंद मिनट में पुलिस मौके पर मदद के लिए पहुंच जाएगी।
केंद्र सरकार की स्मार्ट सिटी योजना के तहत चौथे चरण में मुरादाबाद का भी चयन किया गया था। जिसके बाद से स्मार्ट सिटी योजना के तहत शहर में लगातार शहर को स्मार्ट बनाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। इसके चलते शहर की रैंकिंग में भी सुधार हुआ है। 15 जुलाई को स्मार्ट सिटी योजना की रैंकिंग में अपना शहर देश के 100 शहरों में से 73वें स्थान पर रहा था। स्मार्ट सिटी योजना का सबसे अहम प्रोजेक्ट कंट्रोल कमांड सेंटर है। इसकी स्थापना जिस बिल्डिंग में की जाएगी वह भी पीलीकोठी के निकट लगभग पूरी होने की स्थिति में पहुंच चुकी है।
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मनचलों की नहीं रहेगी खैर, चंद मिनट में पहुंच जाएगी पुलिस
शहर के प्रमुख तीस चौराहों पर पैनिक बटन भी लगाया जाएगा। सड़क किनारे एक पोल में इसे लगाया जाएगा। इसे दबाते ही कंट्रोल रूम इसकी सूचना सबसे करीब मौजूद पुलिस स्टेशन को दे देगा जहां से चंद मिनट में ही पुलिस मौके पर पहुंच जाएगी। अपराध करने के बाद अगर कोई व्यक्ति वहां से भाग जाता है तो वह भी शहर में लगे कैमरों की मदद से तुरंत ही ट्रेस कर लिया जाएगा और उसकी लोकेशन भी पुलिस को मिल जाएगी। इससे लड़कियों के साथ होने वाली छेड़खानी, चोरी व लूट की वारदातों में भी अंकुश लग सकेगा। राह चलते किसी व्यक्ति के बेहोश हो जाने, दुर्घटना में घायल हो जाने अथवा किसी अन्य कार्य से पुलिस की मदद के लिए भी यह पैनिक बटन दबाया जा सकेगा।
चोरी का वाहन शहर में आते ही मिल जाएगी पुलिस को सूचना
वाहन चोरी की घटनाओं पर भी प्रभावी अंकुश लगेगा। अधिकारियों के मुताबिक शहर से अथवा देश के किसी भी स्थान से चोरी किया गया वाहन (जिसकी रिपोर्ट दर्ज हो) अगर शहर में प्रवेश करेगा तो शहर में लगे कैमरे में उस नंबर के वाहन के आते ही इसकी तत्काल सूचना कंट्रोल रूम व पुलिस स्टेशन को दे देंगे। वह वाहन जहां-जहां से गुजरेगा उसकी लोकेशन भी पुलिस को मिल जाएगी। जिससे कुछ ही देर में वाहन पकड़ में आ जाएगा।
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