पूर्व मंत्री आजम खां ने कहा कि रामपुर में अघोषित कर्फ्यू की स्थिति है। ऐसे में यहां निष्पक्ष चुनाव कराया जाना संभव नहीं है। उन्होंने कहा कि जिला प्रशासन ने भाजपा नेताओं के सामने घुटने टेक दिए हैं। चुनावी माहौल में तो जिला प्रशासन ऐसी कार्रवाई टालने की कोशिश करता है, जिससे माहौल बिगड़ने का खतरा हो। यहां तो जिला प्रशासन ही चाह रहा है कि रामपुर का माहौल खराब हो और ताकि भाजपा को इसका फायदा मिल सके।
बुधवार को सपा कार्यालय पर पत्रकारों से बातचीत करते हुए आजम खां ने कहा कि प्रशासन ने रामपुर पब्लिक स्कूल के जिन कमरों को खाली कराया है, यह कार्रवाई पूरी तरह से गलत है। यह बिल्डिंग ट्रस्ट को 99 साल के लीज पर मिली हुई है। अगर प्रशासन को कोई आपत्ति भी थी तो पहले नोटिस जारी किया जाना चाहिए था। हम नोटिस का जवाब देते, अगर प्रशासन संतुष्ट नहीं होता तो कार्रवाई करता।
आजम खां ने कहा कि प्रशासन ने आरपीएस स्कूल के किड्स विंग पर कब्जा कर लिया है। छोटे-छोटे बच्चों को घसीटकर स्कूल से बाहर निकाला गया है, यह अमानवीय कार्य है। उन्होंने कहा कि अगर भाजपा को चुनाव जीतना है तो चुनाव आयोग हमसे कह दे, हम प्रत्याशी नहीं उतारेंगे। ऐसे में तो चुनाव लड़ना संभव नहीं है और चुनाव निष्पक्ष भी नहीं होगा। पूर्व मंत्री ने कहा कि चुनाव आयोग को जिला प्रशासन की इस कार्रवाई का संज्ञान लेना चाहिए। इसकी अलग से चुनाव आयोग को शिकायत की जाएगी। आजम खां ने कहा कि यह किसी तरह की कार्रवाई का मुनासिब वक्त नहीं है।
कार्यकर्ताओं को दिया संदेश माहौल न बिगड़ने दें
आजम खां ने कार्यकर्ताओं के साथ बैठक कर कहा कि वह माहौल ना बिगड़ने दें। टकराव की स्थिति को कोशिश करें। उन्होंने कहा कि प्रशासन तो चाह रहा कि सपा कार्यकर्ता विरोध करें और उनकी मंशा सफल हो जाए। आजम खां ने कहा कि रामपुर में प्रशासन जो कार्रवाई कर रहा है उसके लेकर हाईकोर्ट में पीआईएल दायर की गई है। हाईकोर्ट नोटिस भी जारी कर चुका है, इसके बाद भी प्रशासन कर्रवाई कर रहा है। यह न्यायालय के आदेश की अवमानना है। उन्होंने कहा कि न्यायालय पर भरोसा रखें।
आरपीएस में नामांकन की प्रक्रिया चलती रहेगी
जिला प्रशासन द्वारा बुधवार को पानदरीबा स्थित रामपुर पब्लिक स्कूल के किड्स विंग के कुछ कमरों के खाली कराए जाने के बाद स्कूल के डायरेक्टर सुल्तान खां ने कहा कि इससे अभिभावकों को घबराने की जरूरत नहीं है। आरपीएस के सभी स्कूल पूर्ववत चलते रहेंगे और नामांकन की प्रक्रिया भी जारी रहेगी। इस कार्रवाई का स्कूल के संचालन पर कोई असर नहीं पड़ेगा।