मुरादाबाद। पूर्व सांसद एवं सपा नेता डॉ.एसटी हसन ने ईद-उल-अजहा की पूर्व संध्या पर मीडिया से बातचीत में यूपी सरकार पर सवाल उठाए। सड़कों पर नमाज से मनाही पर कहा कि यह तो सिर्फ आधे घंटे होती है, जबकि कांवड़ यात्रा के समय तो महीने पर सड़कें प्रभावित रहती हैं। उन्होंने कहा कि नियम-कानून सभी के लिए बराबर होने चाहिए।
डॉ. हसन ने कहा कि नमाज को लेकर ऐसे बयान पूरी तरह सियासी हैं और सिर्फ हिंदुओं के वोट लेने के लिए दिए जाते हैं। उन्होंने दावा किया कि मुरादाबाद सहित प्रदेश में कहीं भी सड़क पर नमाज नहीं होती है। पिछले दो साल से तो ईद की नमाज ईदगाह में दो शिफ्टों में हो रही है। वैसे शहरों में देखिए तो कई दुकानदार सामान सड़कों पर रख लेते हैं, अब सबको तो नहीं रोका जा सकता। उनकी रोजी-रोटी उससे जुड़ी है।
उन्होंने कहा कि ईद-उल-अजहा त्याग, कुर्बानी और इंसानियत का त्योहार है। उन्होंने लोगों से अपील की कि प्यार, मोहब्बत और भाईचारे के साथ ईद-उल-अजहा मनाएं और छोटी-छोटी बातों पर विवाद करने से बचें।